मंझिआव मेन रोड़ पर अधिकारीयों द्वारा हटाया गया अतिक्रमण

0

मंझिआंव : गढ़वा जिले के मंझिआव बाज़ार के मुख्य सड़क पर नुमंडल पदाधिकारी गढ़वा के आदेश पर शुक्रवार को अंचल निरीक्षक एवं थाना प्रभारी मंझिआव के द्वारा सड़क के दोनों किनारे अतिक्रमण मुक्त कराया गया।

बाजार मुख्य पथ पर आए दिन हो रही जाम से निजात दिलाने के लिए शुक्रवार को अंचलाधिकारी अमरेन डांग के नेतृत्व में बाजार पथ के दोनों किनारे स्थाई व अस्थाई दुकानदारों के द्वारा सरकारी जमीन पर पिछले कई वर्षों से अतिक्रमण पर पहली बार प्रशासन का बुलडोजर चला। जिसमें करीब 70 से ज्यादा दुकानदारों द्वारा किए गए अतिक्रमण हटाओ अभियान के तहत कार्रवाई करते हुए जेसीबी से अतिक्रमण हटवाया गया।

इस दौरान बाजार परीक्षेत्र स्थित चंद्रवंशी टोला से लेकर बाजार पथ दोनों किनारे होते हुए पुराना नगर पंचायत कार्यालय तक पथ के दोनों तरफ फैले अतिक्रमण को पूरी तरह से प्रशासन ने हटवाया। गौरतलब हो कि पिछले कई मर्तबा अतिक्रमणकारियों को चिन्हित करते हुए अंचल और नगर पंचायत कार्यालय के द्वारा नोटिस दिया गया था लेकिन दुकानदारों ने इसे हल्के से लेते हुए अपनी फुटपाथ दुकानदार अपने पुराने स्टैंड पर कायम था। अतिक्रमण हटाओ अभियान के 2 दिन पूर्व प्रशासन की ओर से अनाउंसमेंट भी करवाया जा चुका था। इसके बावजूद भी दुकानदार अपनी जगह पर यथावत बने रहे।

अतिक्रमण खासकर पथ के दोनों किनारे सरकारी नाली को मुक्त कराना था। क्योंकि कुछ फुटपाथी दुकानदारों द्वारा नाली के ढक्कन पर ही अपनी दुकान लगाए हुए थे। और अधिकांश स्थाई दुकान का छज्जा भी सड़क के किनारे अवस्थित नाली पर था। जैसे ही प्रशासन का करवाई प्रारंभ हुआ वैसे ही दुकानदार स्वयं अपनी अपनी अतिक्रमण हटाना शुरू कर दिया। अभियान के दौरान अपनी 2 जून की रोटी के जुगाड़ में बैठे छोटे दुकानदार इस अभियान से काफी प्रभावित देखें । यहां तक की इस अभियान के दौरान प्रशासन को नोकझोंक का सामना करना पड़ा।

इधर कुछ फुटपाथी दुकानदारों का कहना था कि अतिक्रमण हटाने के दौरान दुकान के अंदर रखें नाना प्रकार के सामग्री भी नष्ट हो गया। जिससे कि आर्थिक क्षति का बोझ उठाना पड़ा। इधर अंचलाधिकारी अमरेन डांग ने बताया कि मझीआंव बाजार में प्रथम चरण में यह कार्रवाई की गई है। दूसरे चरण में किसी भी परिस्थिति में सरकारी जमीन से अतिक्रमण हटाया जाएगा। कहा की अन्य जगह पर छोटे हो या बड़े लोगों द्वारा अतिक्रमण किए गए स्थाई निर्माण को भी बुलडोजर लगाकर तोड़ा जाएगा।

अंत में उन्होंने कहा कि सरकारी जमीन से अतिक्रमण नहीं हटने वाले लोगों के विरुद्ध कानूनी कार्रवाई की जाएगी। कहा की बाजार पूरी तरह से मुक्त कराया जाएगा। इसके बावजूद भी यदि किसी के द्वारा दोबारा अतिक्रमण किया जाता है तो उसके विरूद्ध कानूनी कार्रवाई करते हुए प्राथमिकी दर्ज कराई जाएगी।

अतिक्रमण हटाओ अभियान में अंचलाधिकारी के अलावे अंचल निरीक्षक राजेंद्र कुमार झा, कर्मचारी संजीव पांडे, शिव पत राम, जॉनसन गिद्धि, आमीन राजाराम मेहता, राहुल कुमार, राजन सिंह व थाना प्रभारी सुधांशु कुमार पुलिस बल के साथ मुस्तैद थे।

इधर भाजपा के जिला महामंत्री संजय प्रसाद कमलापुरी ने अतिक्रमण हटाओ अभियान को लेकर बताया कि शासन के कुछ लोगों के द्वारा भेदभाव बरता गया है। गरीब दुकानदारों पर ही शासन का डंडा चला। शासन के द्वारा चलाई जा रही अभियान में सिर्फ नाली मुक्त कराया जाना था लेकिन नाली के एक-दो फीट अंदर घुस कर भी दीवाल और सिढ़ी तोड़ा गया। जो न्याय संगत प्रतीत नहीं होता है।