किश्तवाड़: जम्मू-कश्मीर के किश्तवाड़ जिले में एक बार फिर सुरक्षा बलों और आतंकियों के बीच मुठभेड़ शुरू हो गई है। शनिवार तड़के डोलगाम गांव के घने जंगलों में आतंकियों की मौजूदगी की पुख्ता सूचना मिलने के बाद सुरक्षाबलों ने बड़े स्तर पर सर्च ऑपरेशन चलाया, जिसके दौरान आतंकियों ने फायरिंग शुरू कर दी। इसके बाद इलाके में मुठभेड़ छिड़ गई। इलाके में भारी गोलीबारी जारी है।
सूत्रों के अनुसार, खुफिया एजेंसियों को इनपुट मिला था कि डोलगाम क्षेत्र के जंगलों में बने कच्चे ढोक (अस्थायी ठिकानों) में आतंकी छिपे हुए हैं। आशंका जताई जा रही थी कि आतंकी इंटरनेट के जरिए अपनी लोकेशन बदल सकते हैं या किसी साजिश को अंजाम दे सकते हैं। इसी को ध्यान में रखते हुए एहतियातन पूरे इलाके में इंटरनेट सेवाएं अस्थायी रूप से बंद कर दी गई हैं।
कई दिनों से जारी है तलाश
बताया जा रहा है कि ये वही आतंकी हैं जिनकी तलाश पिछले कई दिनों से की जा रही थी। इससे पहले तीन बार सुरक्षाबलों और आतंकियों के बीच आमना-सामना हुआ, लेकिन हर बार आतंकी घने जंगलों और दुर्गम पहाड़ी इलाकों का फायदा उठाकर फरार होने में सफल रहे थे।
यह ऑपरेशन 18 जनवरी 2026 से लगातार चल रहा है और अब 14वें दिन में प्रवेश कर चुका है, जो इसे किश्तवाड़ क्षेत्र के सबसे लंबे चलने वाले अभियानों में शामिल करता है।
व्हाइट नाइट कोर ने दी जानकारी
भारतीय सेना की व्हाइट नाइट कोर (White Knight Corps) ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स (पूर्व में ट्विटर) पर जानकारी साझा करते हुए बताया कि जम्मू-कश्मीर पुलिस और सीआरपीएफ के साथ मिलकर संयुक्त रूप से ऑपरेशन त्राशी-I चलाया जा रहा है।
सेना के अनुसार, कई खुफिया एजेंसियों से मिली सूचनाओं के आधार पर जब सुरक्षाबलों की टीम शनिवार सुबह डोलगाम इलाके में संदिग्ध ठिकानों के पास पहुंची, तो पहले से घात लगाए बैठे आतंकियों ने फायरिंग शुरू कर दी। जवाबी कार्रवाई के बाद मुठभेड़ शुरू हो गई।
इलाका पूरी तरह सील
सुरक्षाबलों ने पूरे इलाके को चारों ओर से घेर लिया है और अतिरिक्त बलों को भी मौके पर भेजा गया है। जंगलों में ड्रोन और आधुनिक उपकरणों की मदद से सर्च ऑपरेशन तेज कर दिया गया है। अधिकारियों का कहना है कि आतंकियों को किसी भी सूरत में निकलने का मौका नहीं दिया जाएगा।
फिलहाल मुठभेड़ जारी है और किसी के हताहत होने की आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है। सुरक्षा एजेंसियां स्थिति पर लगातार नजर बनाए हुए हैं।













