काठमांडू: नेपाल की राजनीति में इस बार आम चुनाव ने बड़ा उलटफेर कर दिया है। देश की पारंपरिक और पुरानी राजनीतिक पार्टियों को पीछे छोड़ते हुए नई पार्टी राष्ट्रीय स्वतंत्र पार्टी (RSP) ने शानदार प्रदर्शन किया है। पार्टी के नेता बालेन शाह की लोकप्रियता के चलते अब उनके नेपाल के अगले प्रधानमंत्री बनने की संभावनाएं काफी मजबूत मानी जा रही हैं।
ओली को बड़े अंतर से हराया
35 वर्षीय बालेन शाह, जिन्हें आमतौर पर बालेन के नाम से जाना जाता है, ने झापा-5 संसदीय सीट से चुनाव लड़ते हुए चार बार प्रधानमंत्री रह चुके वरिष्ठ नेता केपी शर्मा ओली को करारी शिकस्त दी। चुनाव आयोग के आंकड़ों के मुताबिक बालेन शाह को 68,348 वोट मिले, जबकि ओली को 18,734 वोट पर ही संतोष करना पड़ा। इस तरह बालेन शाह ने करीब 50 हजार वोटों के बड़े अंतर से जीत दर्ज की।
केपी शर्मा ओली नेपाल की प्रमुख कम्युनिस्ट पार्टी ऑफ नेपाल (यूएमएल) के अध्यक्ष हैं और लंबे समय तक देश की राजनीति में प्रभावशाली भूमिका निभाते रहे हैं। ऐसे में उनकी हार को नेपाल की राजनीति में बड़ा झटका माना जा रहा है।
RSP का चुनाव में दबदबा
नेपाल के नेपाल चुनाव आयोग के अनुसार शनिवार रात 9:30 बजे तक घोषित नतीजों में RSP ने जबरदस्त बढ़त हासिल की। जिन 97 सीटों के परिणाम घोषित हुए, उनमें से 77 सीटों पर RSP ने जीत दर्ज की। इतना ही नहीं, राजधानी काठमांडू जिले की सभी 10 संसदीय सीटों पर भी RSP उम्मीदवारों ने जीत हासिल की। इसके अलावा पार्टी देशभर की कई अन्य सीटों पर भी बढ़त बनाए हुए है।
अन्य पार्टियों का प्रदर्शन
चुनाव के शुरुआती परिणामों के अनुसार अन्य प्रमुख पार्टियों का प्रदर्शन काफी कमजोर रहा। नेपाली कांग्रेस ने 11 सीटें जीतीं और 7 सीटों पर आगे चल रही है। कम्युनिस्ट पार्टी ऑफ नेपाल (यूएमएल) को केवल 5 सीटों पर जीत मिली और 7 सीटों पर बढ़त है। नेपाल कम्युनिस्ट पार्टी ने 2 सीटें जीतीं और 5 सीटों पर आगे है। श्रम शक्ति पार्टी 3 सीटों पर आगे चल रही है। राष्ट्रीय प्रजातंत्र पार्टी को 1 सीट पर जीत मिली है। इसके अलावा एक सीट पर निर्दलीय उम्मीदवार ने भी जीत दर्ज की है।
60 प्रतिशत से अधिक मतदान
नेपाल में हाउस ऑफ रिप्रेजेंटेटिव्स (नेपाल) के लिए 5 मार्च को मतदान कराया गया था, जिसमें लगभग 60 प्रतिशत मतदाताओं ने अपने मताधिकार का प्रयोग किया। चुनाव आयोग के मुताबिक मतगणना गुरुवार देर रात शुरू हुई थी। शनिवार देर रात तक कुल 165 सीटों में से कई सीटों के नतीजे घोषित हो चुके थे, जबकि बाकी सीटों की गिनती जारी थी।
पुरानी राजनीति से बदलाव का संकेत
इस चुनाव में नेपाल की जनता ने पारंपरिक राजनीतिक दलों से हटकर नए नेतृत्व को मौका देने का संकेत दिया है। युवा नेता बालेन शाह की जीत को देश में बदलाव की नई उम्मीद के रूप में देखा जा रहा है। अगर अंतिम नतीजों में भी RSP को स्पष्ट बहुमत मिलता है, तो बालेन शाह नेपाल की राजनीति में एक नए दौर की शुरुआत करते हुए देश के अगले प्रधानमंत्री बन सकते हैं।









