
चाईबासा: पश्चिमी सिंहभूम जिले के तांतनगर थाना क्षेत्र में पारिवारिक विवाद का एक मामला सामने आया है, जहां एक व्यक्ति पर दो पत्नियों के रहते दो बच्चों की मां को शादी की नीयत से अपने साथ ले जाने का आरोप लगाया गया है। मामले को लेकर शुक्रवार को आरोपी की दोनों पत्नियां, तीसरी महिला का पूर्व पति और उनके परिजन ग्रामीणों के साथ तांतनगर थाना पहुंचे। इस दौरान तीन अलग-अलग लोगों ने आजाद बिरुली के खिलाफ लिखित शिकायत देकर कार्रवाई और न्याय की गुहार लगाई।
मामला तांतनगर थाना क्षेत्र के लोवालंदिर डोबरोबासा गांव का है। शुक्रवार को गांव में मुंडा डोबरों बिरुली की अध्यक्षता में ग्रामसभा आयोजित की जानी थी। इसमें आजाद बिरुली और उसकी दोनों पत्नियों के बीच चल रहे विवाद का समाधान करने की कोशिश की जानी थी। हालांकि, आजाद के ग्रामसभा में उपस्थित नहीं होने के कारण बैठक स्थगित करनी पड़ी।
तीसरी महिला के पूर्व पति भी पहुंचे गांव
ग्रामसभा की जानकारी मिलने के बाद तीसरी महिला का पूर्व पति भी अपने दो बच्चों और कुछ ग्रामीणों के साथ लोवालंदिर डोबरोबासा पहुंचा। आरोप है कि उसकी पत्नी सुमित्रा बालमुचू अपने दो बच्चों को छोड़कर आजाद बिरुली के साथ चली गई है। सुमित्रा बड़ा चिरू गांव की रहने वाली बताई गई है।
वहीं, आजाद की पहली पत्नी की पहचान टोकलो थाना क्षेत्र के वाकितोपा निवासी मेझारी कुई बिरुली के रूप में हुई है। दूसरी पत्नी ओडिशा के बादामपहाड़ थाना क्षेत्र के जोयपुर निवासी माकी बिरुली बताई गई है। माकी अपनी तीन वर्षीय बेटी के साथ तांतनगर थाना पहुंची थी।
तीन लोगों ने पुलिस को सौंपा लिखित आवेदन
मामले की गंभीरता तब बढ़ गई, जब एक ही व्यक्ति के खिलाफ तीन अलग-अलग पक्षों ने पुलिस को लिखित आवेदन सौंपे। शिकायतकर्ताओं ने आजाद बिरुली पर प्रताड़ना, पारिवारिक विवाद और महिला को अपने साथ ले जाने सहित विभिन्न आरोप लगाए हैं।
एक साथ तीन पक्षों के थाने पहुंचने के बाद पुलिस भी प्रारंभिक तौर पर पूरे मामले की स्थिति समझने में जुटी रही। पुलिस ने सभी पक्षों की बातें बारी-बारी से सुनीं और उनके लिखित आवेदन लिए। इसके बाद मामले की जानकारी जुटाने की प्रक्रिया शुरू की गई।
पुलिस ने आजाद से फोन पर की बात
मामले की जांच के क्रम में आरक्षी अवर निरीक्षक सुनील कुमार ने आजाद बिरुली का मोबाइल नंबर लेकर उससे फोन पर संपर्क किया। पुलिस के अनुसार, आजाद ने रविवार को तांतनगर थाना पहुंचकर अपना पक्ष रखने की सहमति दी है।
अब आजाद के थाना पहुंचने के बाद पुलिस तीनों पक्षों की शिकायतों और आरोपों को सुनकर पूरे मामले की वास्तविक स्थिति स्पष्ट करने का प्रयास करेगी। पुलिस ने सभी प्राप्त लिखित आवेदनों को अपने पास रखा है। आरोपी का पक्ष सामने आने के बाद ही आगे की कार्रवाई तय की जाएगी।







