
शुभम जायसवाल
श्री बंशीधर नगर (गढ़वा)। फेडरेशन ऑफ झारखंड चैंबर ऑफ कॉमर्स एंड इंडस्ट्रीज, रांची से संबद्ध श्री बंशीधर नगर चैंबर ऑफ कॉमर्स एंड इंडस्ट्रीज के सत्र 2026-28 के चुनाव को लेकर सोमवार को नामांकन के दौरान चैंबर कार्यालय में जमकर गहमागहमी हुई। प्रत्याशी की गैरमौजूदगी में उनके प्रस्तावक द्वारा नामांकन पत्र जमा करने को लेकर विवाद खड़ा हो गया। विवाद के कारण कुछ देर तक नामांकन प्रक्रिया प्रभावित रही और कार्यालय में हंगामे जैसी स्थिति बन गई।
मुख्य चुनाव पदाधिकारी उदय प्रकाश जायसवाल ने बताया कि 11 सदस्यीय कार्यकारिणी के चुनाव को लेकर कुल 23 प्रत्याशियों ने नामांकन पत्र खरीदा था। सोमवार को नामांकन पत्र जमा करने की अंतिम प्रक्रिया के दौरान 21 प्रत्याशियों ने अपना नामांकन पत्र चुनाव पदाधिकारी के समक्ष जमा किया।
नामांकन दाखिल करने वालों में उमेश कुमार, विनोद कुमार, राहुल कुमार जायसवाल, शाहिद नवाज, विकास जायसवाल, प्रेम सोनी, वीरेंद्र प्रसाद कमलापुरी, राकेश विश्वकर्मा, अभय कुमार, नीरज कुमार जायसवाल, रजनीकांत मधुर, मनोज कुमार, विकास कुमार, रवि प्रकाश, चंद्र प्रकाश, वीरेंद्र प्रसाद अग्रहरी, अभिषेक कुमार, गोपाल प्रसाद जायसवाल, रंजन कुमार, शंभूनाथ सौदागर एवं राजीव कुमार सोनी शामिल हैं।
बताया गया कि नामांकन प्रक्रिया के दौरान अशोक कुमार जायसवाल के नामांकन पत्र को लेकर विवाद उत्पन्न हुआ। मुख्य चुनाव पदाधिकारी उदय प्रकाश जायसवाल ने बताया कि अशोक कुमार जायसवाल की अनुपस्थिति में उनके प्रस्तावक द्वारा नामांकन पत्र लाकर जमा करने का प्रयास किया गया। चुनाव पदाधिकारी ने प्रत्याशी की मौजूदगी के बिना नामांकन पत्र स्वीकार करने से इनकार कर दिया।
इसके बाद अशोक कुमार जायसवाल के समर्थकों और चुनाव पदाधिकारियों के बीच बहस शुरू हो गई। देखते ही देखते मामला विवाद में बदल गया और चैंबर कार्यालय में काफी देर तक गहमागहमी की स्थिति बनी रही।
चुनाव पदाधिकारी के अनुसार अशोक कुमार जायसवाल ने फोन पर बताया कि उनकी मां की तबीयत खराब होने के कारण वह अस्पताल में हैं। इसी वजह से उन्हें नामांकन स्थल पर पहुंचने में विलंब हो रहा है। नामांकन जमा करने का निर्धारित समय रात आठ बजे तक था।
फॉर्म वापस ले जाने का आरोप
मुख्य चुनाव पदाधिकारी ने बताया कि विवाद के दौरान श्री बंशीधर चैंबर टीम के रजनीकांत माधुरी के द्वारा जमा किया गया 10 फॉर्म टेबल से उठाकर वापस ले जाया गया। इसके बाद टीम के लोग चैंबर कार्यालय से बाहर निकल गए। वापस ले जाने वाले फार्म में वीरेंद्र प्रसाद कमलापुरी, राकेश विश्वकर्मा, अभय कुमार, नीरज कुमार जायसवाल, रजनीकांत मधुर, मनोज कुमार, रवि प्रकाश, वीरेंद्र प्रसाद अग्रहरी, अभिषेक कुमार का नाम शामिल है। उन्होंने बताया कि इस पूरे घटनाक्रम की जानकारी चुनाव पर्यवेक्षक एवं चेंबर ऑफ कॉमर्स पलामू प्रमंडल के उपाध्यक्ष अमित कुमार जायसवाल को दी जाएगी।
वहीं, फॉर्म वापस ले जाने वाले पक्ष के लोगों ने चुनाव प्रक्रिया में मिलीभगत का आरोप लगाते हुए नाराजगी जताई। हालांकि, इन आरोपों की स्वतंत्र पुष्टि नहीं हो सकी है।
नामांकन के दौरान हुए विवाद को लेकर कुछ समय के लिए चैंबर कार्यालय का माहौल तनावपूर्ण रहा। बाद में चुनाव प्रक्रिया को आगे बढ़ाया गया। चुनाव पदाधिकारियों के अनुसार अब नामांकन पत्रों की जांच के बाद आगे की चुनावी प्रक्रिया पूरी की जाएगी। चैंबर की 11 सदस्यीय कार्यकारिणी के चुनाव को लेकर बढ़ी गहमागहमी से अब चुनावी मुकाबला और दिलचस्प हो गया है।






