रांची: दिल्ली पब्लिक स्कूल, रांची में मंगलवार (23 दिसंबर 2025) को भव्य प्रोजेक्ट मॉडल प्रदर्शनी “डिस्कवरी डेन – टर्निंग थॉटफुल क्यूरियोसिटी इंटू ब्रिलियंट क्रिएशन” का आयोजन किया गया। इस अवसर पर रचनात्मकता, जिज्ञासा और शैक्षणिक उत्साह का प्रभावशाली संगम देखने को मिला।
कार्यक्रम के मुख्य अतिथि झारखंड सरकार के श्रम, नियोजन, प्रशिक्षण एवं कौशल विकास विभाग के सचिव श्री जितेंद्र कुमार सिंह (आईएएस) रहे। प्रदर्शनी का औपचारिक उद्घाटन मुख्य अतिथि एवं विद्यालय की प्राचार्या डॉ. जया चौहान द्वारा किया गया। अभिभावकों की उत्साहपूर्ण उपस्थिति ने आयोजन को विशेष गरिमा प्रदान की।

यह प्रदर्शनी विद्यार्थियों के लिए एक सशक्त अधिगम मंच सिद्ध हुई, जहाँ सैद्धांतिक ज्ञान को व्यावहारिक और विचारोत्तेजक मॉडलों में रूपांतरित किया गया। नर्सरी से कक्षा IX एवं XI तक के विद्यार्थियों की सहभागिता ने विद्यालय की अनुभवात्मक, नवाचार-आधारित शिक्षा पद्धति को उजागर किया। प्रत्येक प्रदर्श में विद्यार्थियों की विश्लेषणात्मक क्षमता, रचनात्मकता और समस्या-समाधान कौशल स्पष्ट रूप से परिलक्षित हुआ।

प्रदर्शनी की प्रमुख विशेषता इसका अंतर्विषयक विस्तार रहा, जिसमें गणितीय मॉडलिंग, पर्यावरण विज्ञान, तकनीकी नवाचार, सामाजिक विज्ञान, अर्थशास्त्र, व्यवसाय प्रबंधन, भाषा एवं साहित्य, कला एवं शिल्प, फोटोग्राफी, खेल एवं शारीरिक शिक्षा, सॉफ्ट स्किल्स तथा विदेशी भाषाएँ शामिल रहीं। लगभग 1000 प्रदर्शों के साथ यह आयोजन डीपीएस रांची के विद्यार्थियों की प्रतिभा और बौद्धिक गहराई का सशक्त प्रमाण बना।

विद्यार्थियों ने एग्रीबॉट, एआई होलोग्राम, जलविद्युत बाँध, स्वचालित अग्निशामक प्रणाली, स्मार्ट स्ट्रीटलाइट, स्मार्ट कचरा निपटान प्रणाली, मेडिबॉट, पर्यावरण-अनुकूल वायु शोधक, वर्षा जल डिटेक्टर, आईओटी आधारित जीपीएस स्मार्ट की-चेन, प्रदूषण कम करने वाला वॉल पेंट, कार्बन अवशोषक, वेस्ट-टू-वॉट मॉडल, एयर डिफेंस सिस्टम तथा “नो योर पर्सनैलिटी” जैसे विषयों पर प्रभावशाली मॉडल प्रस्तुत किए। प्रत्येक कक्षा की क्लास मैगज़ीन ने साहित्यिक रचनात्मकता, टीमवर्क और चिंतनशील अधिगम को भी उजागर किया।

प्राइमरी विंग के विद्यार्थियों ने विज्ञान, सामाजिक विज्ञान, गणित, कला, खेल, साहित्य और विदेशी भाषाओं से जुड़े आकर्षक प्रदर्श प्रस्तुत किए। नर्सरी के विद्यार्थियों ने चारों ऋतुओं को रंगीन मॉडलों के माध्यम से दर्शाया, वहीं कक्षा प्रेप के विद्यार्थियों ने “स्पोर्टैक्युलर” थीम के अंतर्गत विभिन्न खेलों पर आधारित गतिविधियाँ प्रस्तुत कीं। कक्षा I एवं II के विद्यार्थियों ने अंतरिक्ष विज्ञान और कल्पनाशील कहानी-कथन के माध्यम से दर्शकों को मंत्रमुग्ध किया।

कक्षा III से V तक के विद्यार्थियों ने आठ विषय श्रेणियों में सुव्यवस्थित प्रदर्शनी प्रस्तुत की, जिनमें कार्यशील वैज्ञानिक मॉडल, सामाजिक विज्ञान के 3D प्रोजेक्ट्स, एआई आधारित नवाचार और जीवन कौशल से जुड़े प्रयोग शामिल रहे। वरिष्ठ वर्ग के विद्यार्थियों ने मैग्लेव ट्रेन, टेस्ला कॉइल, डाइज्कस्ट्रा एल्गोरिदम, वैदिक भौतिकी, साउंड विज़ुअलाइज़र और एक्वापोनिक्स प्रणाली जैसे जटिल वैज्ञानिक सिद्धांतों को सरल ढंग से प्रस्तुत किया। कला अनुभाग में फोटोग्राफी और पेंटिंग्स का प्रभावशाली संग्रह आकर्षण का केंद्र रहा।
प्रदर्शनी के समापन पर प्रत्येक श्रेणी के उत्कृष्ट प्रतिभागियों को मेरिट सर्टिफिकेट प्रदान किए गए, जबकि सभी प्रतिभागी विद्यार्थियों को पार्टिसिपेशन सर्टिफिकेट देकर उनके प्रयासों और अनुभवात्मक अधिगम को सराहा गया।

मुख्य अतिथि श्री जितेंद्र कुमार सिंह (आईएएस) ने विद्यार्थियों की प्रशंसा करते हुए कहा कि यह प्रदर्शनी पाठ्यपुस्तकों से आगे बढ़कर वास्तविक जीवन की समस्याओं के समाधान की दिशा में शिक्षा को ले जाती है। वहीं प्राचार्या डॉ. जया चौहान ने ‘डिस्कवरी डेन’ को सक्रिय और अनुभवात्मक अधिगम का उत्कृष्ट उदाहरण बताते हुए इसे विद्यार्थियों को भविष्य के लिए तैयार करने वाला मंच बताया।














