गुमला: जिले से एक सनसनीखेज मामला सामने आया है, जिसने पूरे इलाके को हिला कर रख दिया है। सिसई थाना क्षेत्र अंतर्गत मुकुंदा गांव के सोंगरा पहाड़ कोना जंगल से 36 वर्षीय युवक का शव बरामद किया गया है। मृतक की पहचान बुधराम तिर्की के रूप में हुई है, जो गुमला टेक्सटाइल में सेल्स मैनेजर के पद पर कार्यरत था। कोटेंगसेरा गांव से 2 जनवरी को बुधराम तिर्की गायब हो गया था।
पुलिस की शुरुआती जांच में यह चौंकाने वाला खुलासा हुआ है कि इस हत्या की साजिश खुद मृतक की पत्नी रांथी देवी ने अपने प्रेमी के साथ मिलकर रची थी। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर सोमवार को सदर अस्पताल भेज दिया, जहां पोस्टमॉर्टम की प्रक्रिया पूरी की गई।
मृतक के भाई सुरेश तिर्की ने पुलिस को बताया कि 2 जनवरी को बुधराम तिर्की अपनी पत्नी रांथी देवी और बेटे के साथ ओझा-भगत के पास जाने की बात कहकर घर से निकले थे। हालांकि, उसी शाम रांथी देवी अपने बच्चे के साथ अकेली घर वापस लौटीं। जब परिवार के लोगों ने बुधराम के बारे में पूछताछ की तो पत्नी के गोलमोल जवाबों से परिजनों को शक होने लगा।
इसके बाद परिजनों ने अपने स्तर से बुधराम की तलाश शुरू की, लेकिन जब कोई जानकारी नहीं मिली तो गुमला थाना में उनकी गुमशुदगी की रिपोर्ट दर्ज कराई गई।
जंगल में मिला शव, खुली हत्या की परतें
ग्रामीणों और परिजनों के साथ मिलकर जब आसपास के जंगलों और पहाड़ी इलाकों में खोजबीन की जा रही थी, तभी सोंगरा पहाड़ कोना जंगल में एक शव पड़े होने की सूचना मिली। सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और शव को बरामद किया। पहचान होने पर पुष्टि हुई कि शव बुधराम तिर्की का ही है।
अवैध प्रेम संबंध बना हत्या की वजह
पुलिस जांच में सामने आया है कि रांथी देवी का सीताराम उरांव नामक युवक के साथ प्रेम संबंध था। इसी अवैध रिश्ते के चलते पति को रास्ते से हटाने की साजिश रची गई। प्रारंभिक पूछताछ में यह भी खुलासा हुआ है कि बुधराम की हत्या तेज धारदार हथियार से की गई। फिलहाल पुलिस ने रांथी देवी और सीताराम उरांव को हिरासत में लेकर पूछताछ शुरू कर दी है। पुलिस का कहना है कि इस हत्याकांड में दो अन्य लोगों की संलिप्तता के भी संकेत मिले हैं, जिनकी तलाश जारी है। बुधराम तिर्की अपने पीछे दो छोटे बच्चों को छोड़ गए हैं। उनकी शादी वर्ष 2006 में चिरोडीह तिलई डार में हुई थी। इस निर्मम हत्या के बाद पूरे गांव और आसपास के क्षेत्र में शोक का माहौल है।













