अबुजा: नाइजीरिया एक बार फिर खून से लाल हो गया है। पश्चिमी नाइजीरिया के क्वारा (Kwara) राज्य में आतंकियों ने ऐसा कहर बरपाया है, जिसने पूरी दुनिया को झकझोर कर रख दिया है। वोर्रो और नूकू गांव मंगलवार शाम उस वक्त मौत का मैदान बन गए, जब भारी हथियारों से लैस हमलावर अचानक गांवों में घुस आए और अंधाधुंध कत्लेआम शुरू कर दिया।
जानकारी के अनुसार, इस हमले में अब तक 170 लोगों की मौत की पुष्टि हुई है। सभी मृतक क्रिश्चियन समुदाय से थे, लंबे अरसे से इस्लामिक आतंकी संगठन इन्हें इस्लाम अपनाने को बाध्य कर रहे थे और ऐसा ना करने पर अंजाम भुगतने की धमकी दी थी।
गांवों में मचा मौत का तांडव
प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक, आतंकियों ने किसी को भी बख्शा नहीं। पुरुष, महिलाएं और बुजुर्ग जो सामने आया, उसे बेरहमी से मौत के घाट उतार दिया गया। स्थानीय टीवी चैनलों की फुटेज में दिल दहला देने वाले मंजर दिखाई दिए। जली हुई झोपड़ियां, राख में तब्दील दुकानें, सड़कों पर बिखरी खून से सनी लाशें, कई शवों के हाथ बंधे हुए मिले हैं, जिससे साफ होता है कि लोगों को पहले पकड़ा गया और फिर बेहद क्रूर तरीके से मार डाला गया।
170 मौतों की पुष्टि, आंकड़ा बढ़ने की आशंका
मानवाधिकार संगठन एमनेस्टी इंटरनेशनल ने दावा किया है कि इस हमले में 170 से ज्यादा लोगों की मौत हो चुकी है। हालांकि गांव बेहद दूरदराज इलाके में स्थित हैं और राहत टीमें अब तक पूरी तरह घटनास्थल तक नहीं पहुंच पाई हैं। ऐसे में आशंका जताई जा रही है कि मरने वालों की संख्या और बढ़ सकती है।
आतंकी संगठन ‘लाकुरावा’ पर शक
इस इलाके से सांसद मोहम्मद ओमर बायो ने इस हमले को हाल के महीनों का सबसे घातक आतंकी हमला बताया है। उनका कहना है कि इस नरसंहार के पीछे ‘लाकुरावा’ नाम का आतंकी संगठन हो सकता है, जिसे इस्लामिक स्टेट से जुड़ा माना जाता है।
हालांकि अब तक किसी भी संगठन ने आधिकारिक तौर पर इस हमले की जिम्मेदारी नहीं ली है।
पहले से मिल रही थीं धमकियां
एमनेस्टी इंटरनेशनल का यह भी दावा है कि आतंकियों ने पिछले पांच महीनों से गांववालों को धमकी भरे पत्र भेजे थे, जिसमें धर्मांतरण की बात कही गई थी। बावजूद इसके, सुरक्षा एजेंसियां समय रहते कोई ठोस कदम नहीं उठा सकीं। यही लापरवाही इस बड़े नरसंहार की वजह बनी।
नाइजीरिया में बढ़ती आतंकी हिंसा
नाइजीरिया लंबे समय से आतंकी हिंसा, अपहरण और लूट की समस्या से जूझ रहा है। बोको हराम और इस्लामिक स्टेट से जुड़े संगठन देश के अलग-अलग हिस्सों में सक्रिय हैं। हाल के दिनों में उत्तर-पश्चिम और उत्तर-मध्य नाइजीरिया में आतंकी हमलों की संख्या तेजी से बढ़ी है, जिससे आम लोगों में दहशत का माहौल है।
सवालों के घेरे में सुरक्षा व्यवस्था
इस ताजा हमले ने एक बार फिर नाइजीरिया की सुरक्षा व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। ग्रामीण इलाकों में सुरक्षा की कमी और समय रहते कार्रवाई न होने की कीमत निर्दोष लोगों को अपनी जान देकर चुकानी पड़ी।













