नई दिल्ली: देशभर के लाखों निवेशकों के लिए लंबे इंतजार के बाद राहत की खबर आई है। केंद्र सरकार ने सुप्रीम कोर्ट के आदेश के बाद सहारा समूह की चार को-ऑपरेटिव समितियों के निवेशकों को उनका फंसा हुआ पैसा लौटाने की प्रक्रिया शुरू कर दी है। इसके लिए सरकार ने जुलाई 2025 में सीआरसीएस (Central Registrar of Cooperative Societies)–सहारा रिफंड पोर्टल लॉन्च किया था, जिसके माध्यम से निवेशक अब घर बैठे ऑनलाइन अपना रिफंड क्लेम कर सकते हैं। अब लोग 10 लाख रुपये तक का क्लेम कर सकते हैं। पोर्टल पर उपलब्ध जानकारी के अनुसार, जिन निवेशकों के 10 लाख रुपये तक सहारा इंडिया में फंसे हैं, वे उसे वापस पाने के लिए क्लेम कर सकते हैं।
24000 करोड़ से अधिक की रकम अवैध रूप से जमा करने का आरोप
सहारा समूह पर आरोप रहा है कि उसकी कई कंपनियों ने निवेशकों से 24,000 करोड़ रुपये से अधिक की राशि अवैध रूप से जुटाई और उसे वापस नहीं किया। समूह और उसके संस्थापक सुब्रत रॉय पर पोंजी स्कीम चलाने से लेकर मनी लॉन्ड्रिंग तक के गंभीर आरोप लगे थे।
सरकार ने सितंबर में जानकारी दी थी कि अब तक 5.43 करोड़ निवेशकों ने लगभग 1,13,504 करोड़ रुपये का दावा दर्ज कराया था। इनमें से 26,25,090 वास्तविक जमाकर्ताओं को 5,053 करोड़ रुपये से अधिक की राशि वापस की जा चुकी है।
2026 तक 32 लाख निवेशकों के दावे आने का अनुमान
सरकारी अनुमान के अनुसार दिसंबर 2026 तक करीब 32 लाख निवेशक पोर्टल के माध्यम से अपने दावे जमा कर सकते हैं।
गौरतलब है कि अगस्त 2012 में सुप्रीम कोर्ट ने सहारा की दो प्रमुख कंपनियों- Sahara India Real Estate Corporation Ltd. और Sahara Housing Investment Corporation Ltd. को जमाकर्ताओं का पैसा लौटाने का निर्देश दिया था। इसके बाद SEBI-सहारा एस्क्रो खाता बनाया गया, जिससे अब तक भुगतान जारी है।
किन-किन समितियों के निवेशक उठा सकते हैं लाभ?
सरकार ने सहारा समूह की चार को-ऑपरेटिव सोसाइटीज को रिफंड प्रक्रिया में शामिल किया है:
1. Sahara Credit Cooperative Society Ltd., Lucknow
2. Sahareyan Universal Multipurpose Society Ltd., Lucknow
3. Humara India Credit Cooperative Society Ltd., Kolkata
4. Stars Multipurpose Cooperative Society Ltd.
इन समितियों में जमा करने वाले निवेशक अब बिना किसी एजेंट या बिचौलिए के सीधे सरकार के पोर्टल के जरिए अपना दावा ऑनलाइन फाइल कर सकते हैं।
खास बात यह है कि अगर किसी निवेशक ने इन चारों समितियों में पैसा लगाया है, तो भी वह एक ही फॉर्म भरकर सभी का दावा कर सकता है।
क्या है CRCS–Sahara Refund Portal?
सीआरसीएस सहारा रिफंड पोर्टल एक सरकारी वेबसाइट है, जिसे निवेशकों को रिफंड प्रक्रिया से जोड़ने और पूरी प्रणाली को सुरक्षित, पारदर्शी और आसान बनाने के उद्देश्य से तैयार किया गया है।
पोर्टल से कई निवेशक अब तक सफलतापूर्वक अपना पैसा वापस प्राप्त कर चुके हैं।
पोर्टल से रिफंड कैसे लें? – पूरी प्रक्रिया
सहारा निवेशक घर बैठे केवल कुछ मिनटों में अपना दावा दर्ज कर सकते हैं। प्रक्रिया इस प्रकार है:
1. पोर्टल पर जाएं और होमपेज पर ‘Registration’ पर क्लिक करें।
2. अपना आधार नंबर और उससे जुड़े मोबाइल नंबर को दर्ज करें।
3. कैप्चा भरें और ‘Get OTP’ पर क्लिक करें।
4. मोबाइल पर आए OTP को वेरिफाई करें।
5. रजिस्ट्रेशन पूरा होने पर ‘Depositor Login’ में जाकर फिर से OTP से लॉगिन करें।
6. आपकी व्यक्तिगत जानकारी स्वत: स्क्रीन पर दिखाई देगी।
7. इसके बाद ‘Claim Form’ भरें:
समिति का चयन
जमा धनराशि का विवरण
पासबुक/सर्टिफिकेट नंबर
आवश्यक दस्तावेज अपलोड करें
8. फॉर्म सबमिट करते ही दावा दर्ज हो जाएगा और उसकी जांच प्रक्रिया शुरू हो जाएगी।
सरकार का मानना है कि नई प्रक्रिया पारदर्शी, तेज और निवेशकों के अनुकूल है। लंबे समय से फंसी रकम की वापसी अब कई परिवारों के लिए बड़ी राहत साबित हो सकती है।
सहारा में फंसा है पैसा? 10 लाख तक के क्लेम की सुविधा शुरू, जानें पूरा प्रोसेस













