Squash World Cup: भारतीय स्क्वॉश टीम ने एक ऐतिहासिक उपलब्धि अपने नाम करते हुए पहली बार मिक्स्ड-टीम स्क्वॉश वर्ल्ड कप का खिताब जीत लिया है। चेन्नई के एक्सप्रेस एवेन्यू मॉल में रविवार को खेले गए फाइनल मुकाबले में भारत ने शीर्ष वरीय हांगकांग को 3-0 से मात देकर ट्रॉफी अपने नाम की। इस जीत के साथ भारत स्क्वॉश में किसी बड़े वर्ल्ड टीम इवेंट का खिताब जीतने वाला दुनिया का पांचवां देश बन गया है। इससे पहले यह गौरव केवल ऑस्ट्रेलिया, मिस्र, इंग्लैंड और पाकिस्तान को हासिल था।
घरेलू कोर्ट पर बदली 2023 की कहानी
इस प्रतिष्ठित टूर्नामेंट में दुनिया भर की 12 मजबूत टीमों ने हिस्सा लिया था। भारत के लिए यह टूर्नामेंट खास रहा क्योंकि इसी कोर्ट पर 2023 में सेमीफाइनल में उसे हार का सामना करना पड़ा था। लेकिन इस बार भारतीय टीम ने पुराने जख्मों को पीछे छोड़ते हुए घरेलू दर्शकों के सामने जबरदस्त प्रदर्शन किया और इतिहास रच दिया।
जोशना चिनप्पा ने दिलाई शानदार शुरुआत
फाइनल मुकाबले की शुरुआत अनुभवी भारतीय खिलाड़ी जोशना चिनप्पा ने की। रैंकिंग में पीछे होने के बावजूद 39 वर्षीय जोशना ने अपने अनुभव का बेहतरीन नमूना पेश किया। उन्होंने हांगकांग की काई यी ली को चार गेम तक चले मुकाबले में 7-3, 2-7, 7-5, 7-1 से हराकर भारत को शुरुआती बढ़त दिलाई।
अभय सिंह का तूफानी प्रदर्शन
दूसरे मैच में चेन्नई के ही खिलाड़ी अभय सिंह ने घरेलू माहौल का पूरा फायदा उठाया। उन्होंने एलेक्स लाउ के खिलाफ आक्रामक लेकिन संतुलित खेल दिखाते हुए महज 19 मिनट में मुकाबला 7-1, 7-4, 7-4 से अपने नाम किया। इस जीत के साथ भारत खिताब के बेहद करीब पहुंच गया।
17 साल की अनाहत ने दिलाई ऐतिहासिक जीत
खिताबी जीत की जिम्मेदारी दिल्ली की 17 वर्षीय अनाहत सिंह के कंधों पर थी और उन्होंने दबाव में शानदार खेल दिखाया। अनाहत ने टोमाटो हो को सीधे गेमों में 7-2, 7-2, 7-5 से हराकर भारत को ऐतिहासिक जीत दिला दी। उनकी इस जीत के साथ ही स्टेडियम में मौजूद दर्शक खुशी से झूम उठे।
भारतीय स्क्वॉश के लिए सुनहरा पल
यह खिताब भारतीय स्क्वॉश के लिए मील का पत्थर माना जा रहा है। अनुभवी और युवा खिलाड़ियों के बेहतरीन तालमेल ने यह साबित कर दिया कि भारत अब स्क्वॉश के वैश्विक मंच पर एक मजबूत ताकत बन चुका है।
Squash World Cup: भारत ने रचा इतिहास, फाइनल में हांगकांग को हराकर जीता स्क्वैश वर्ल्ड कप का पहला खिताब











