---Advertisement---

पाकिस्तान के लिए जासूसी के आरोप में एयरफोर्स स्टेशन से सिविलकर्मी गिरफ्तार, कई साल से भेज रहा था खुफिया जानकारी 

On: March 23, 2026 9:34 AM
---Advertisement---

जयपुर: राजस्थान इंटेलीजेंस और भारतीय वायुसेना की संयुक्त कार्रवाई में असम के डिब्रूगढ़ स्थित छबुआ एयरफोर्स स्टेशन से सिविल कर्मचारी सुमित कुमार को जासूसी के आरोप में गिरफ्तार किया गया है। आरोपी पर संवेदनशील सैन्य सूचनाएं पाकिस्तान तक पहुंचाने का गंभीर आरोप है।

लंबे समय से लीक कर रहा था गोपनीय जानकारी

जांच एजेंसियों के मुताबिक, सुमित कुमार बीते कई वर्षों से भारतीय वायुसेना से जुड़ी अत्यंत गोपनीय सूचनाएं पाकिस्तान के हैंडलर्स तक पहुंचा रहा था। वह लड़ाकू विमानों की लोकेशन, मिसाइल सिस्टम से जुड़ी जानकारी और वायुसेना के अधिकारियों व कर्मचारियों से संबंधित महत्वपूर्ण डिटेल्स साझा करता था।
बताया जा रहा है कि आरोपी वर्ष 2023 से ही पाकिस्तानी खुफिया एजेंसियों के संपर्क में था और पैसों के लालच में देश की सुरक्षा से खिलवाड़ कर रहा था।

ऐसे हुआ पूरे नेटवर्क का खुलासा

इस जासूसी नेटवर्क का खुलासा जनवरी 2026 में राजस्थान के जैसलमेर निवासी झबराराम की गिरफ्तारी के बाद हुआ। पूछताछ के दौरान मिले सुरागों ने जांच एजेंसियों को सुमित कुमार तक पहुंचाया। इसके बाद तकनीकी निगरानी और खुफिया इनपुट के आधार पर उसकी गतिविधियों पर नजर रखी गई। पर्याप्त सबूत मिलने के बाद उसे गिरफ्तार कर लिया गया।

सुमित कुमार उत्तर प्रदेश का रहने वाला है और छबुआ एयरफोर्स स्टेशन में मल्टी टास्किंग स्टाफ (MTS) के पद पर कार्यरत था। उसने अपने पद का दुरुपयोग करते हुए सैन्य ठिकानों से जुड़ी गोपनीय जानकारियां जुटाईं और सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म के जरिए उन्हें पाकिस्तान भेजता रहा।

जांच में यह भी सामने आया है कि आरोपी ने केवल छबुआ ही नहीं, बल्कि राजस्थान के बीकानेर जिले स्थित नाल एयरफोर्स स्टेशन समेत अन्य सैन्य ठिकानों की जानकारी भी लीक की है। इससे यह आशंका जताई जा रही है कि यह नेटवर्क काफी बड़ा हो सकता है और इसमें अन्य लोग भी शामिल हो सकते हैं।

सोशल मीडिया के जरिए होता था संपर्क

एजेंसियों को जानकारी मिली है कि सुमित अपने मोबाइल नंबरों का इस्तेमाल कर पाकिस्तान के हैंडलर्स के लिए सोशल मीडिया अकाउंट बनाने और उन्हें संचालित करने में भी मदद करता था। इसी माध्यम से सूचनाओं का आदान-प्रदान किया जाता था।

जांच जारी, और खुलासों की संभावना

फिलहाल सुरक्षा एजेंसियां आरोपी से गहन पूछताछ कर रही हैं। यह पता लगाने की कोशिश की जा रही है कि इस नेटवर्क में और कौन-कौन शामिल है और अब तक कितनी संवेदनशील जानकारी लीक हो चुकी है। एजेंसियों का मानना है कि आने वाले दिनों में इस मामले में और बड़े खुलासे हो सकते हैं।

Vishwajeet

मेरा नाम विश्वजीत कुमार है। मैं वर्तमान में झारखंड वार्ता (समाचार संस्था) में कंटेंट राइटर के पद पर कार्यरत हूं। समाचार लेखन, फीचर स्टोरी और डिजिटल कंटेंट तैयार करने में मेरी विशेष रुचि है। सटीक, सरल और प्रभावी भाषा में जानकारी प्रस्तुत करना मेरी ताकत है। समाज, राजनीति, खेल और समसामयिक मुद्दों पर लेखन मेरा पसंदीदा क्षेत्र है। मैं हमेशा तथ्यों पर आधारित और पाठकों के लिए उपयोगी सामग्री प्रस्तुत करने का प्रयास करता हूं। नए विषयों को सीखना और उन्हें रचनात्मक अंदाज में पेश करना मेरी कार्यशैली है। पत्रकारिता के माध्यम से समाज में सकारात्मक बदलाव लाने की कोशिश करता हूं।

Join WhatsApp

Join Now