
जामताड़ा: झारखंड के जामताड़ा जिले के करमाटांड़ थाना क्षेत्र के थंडारडीह गांव में धार्मिक टिप्पणियों को लेकर शनिवार को तनाव की स्थिति उत्पन्न हो गई। सोशल मीडिया पर कथित आपत्तिजनक टिप्पणियों को लेकर विवाद इतना बढ़ गया कि बड़ी संख्या में लोग गांव पहुंच गए। भीड़ जुटने की सूचना मिलते ही पुलिस और प्रशासनिक अधिकारियों ने मौके पर पहुंचकर स्थिति को नियंत्रित करने की कोशिश की। एहतियात के तौर पर इलाके में भारी पुलिस बल तैनात कर दिया गया है।
बताया जा रहा है कि विवाद की शुरुआत सोशल मीडिया पर हिंदू देवी-देवताओं के खिलाफ कथित अभद्र टिप्पणी से हुई। इसके बाद मुस्लिम धर्म और आस्था से जुड़े विषयों पर भी आपत्तिजनक टिप्पणी किए जाने की बात सामने आई। इन टिप्पणियों को लेकर दोनों पक्षों में आक्रोश बढ़ता गया और मामला तनावपूर्ण हो गया।
2000 लोगों के जुटने से बढ़ा तनाव
स्थानीय जानकारी के मुताबिक, कथित सोशल मीडिया पोस्ट को लेकर करीब 2000 लोग थंडारडीह गांव पहुंच गए। बड़ी संख्या में लोगों के एक साथ जुटने से इलाके में तनाव का माहौल बन गया। स्थिति की गंभीरता को देखते हुए पुलिस प्रशासन ने अतिरिक्त बल बुलाया और गांव तथा आसपास के इलाके में सुरक्षा व्यवस्था कड़ी कर दी।
मौके पर एसडीएम और एसडीपीओ समेत तीन थानों की पुलिस टीम पहुंची। अधिकारियों ने लोगों से शांति बनाए रखने और कानून हाथ में नहीं लेने की अपील की।
पुलिस और लोगों के बीच धक्का-मुक्की की सूचना
भीड़ को नियंत्रित करने के दौरान पुलिस और लोगों के बीच तनाव तथा धक्का-मुक्की की स्थिति बनने की भी जानकारी सामने आई है। इसी दौरान प्रशासनिक वाहन को नुकसान पहुंचाए जाने की खबर है। बताया जा रहा है कि एसडीपीओ की गाड़ी में तोड़फोड़ की गई। वहीं, ड्यूटी पर तैनात एक पुलिस इंस्पेक्टर का मोबाइल फोन भी भीड़ में शामिल लोगों द्वारा छीने जाने की सूचना है। हालांकि, इन घटनाओं की पुलिस की ओर से फिलहाल आधिकारिक पुष्टि नहीं की गई है।
मौलाना अफरोज की गिरफ्तारी
इस विवाद की पृष्ठभूमि में कुरुवा इलाके के मौलाना अफरोज से जुड़ा मामला भी सामने आ रहा है। उन पर हिंदू देवी-देवताओं के खिलाफ कथित आपत्तिजनक टिप्पणी करने का आरोप लगाया गया था। शिकायत और सामने आए वीडियो फुटेज के आधार पर पुलिस ने कार्रवाई करते हुए अफरोज को गिरफ्तार किया था।
इसके बाद थंडारडीह निवासी भूदेव कुमार के फेसबुक अकाउंट से मुस्लिम धर्म और आस्था से संबंधित विषयों पर कथित आपत्तिजनक टिप्पणी किए जाने की जानकारी सामने आने की बात कही जा रही है। इस पोस्ट के बाद मुस्लिम समुदाय के लोगों में आक्रोश फैलने और बड़ी संख्या में लोगों के थंडारडीह पहुंचने की बात सामने आई।
मंदिर में तोड़फोड़ की चर्चा, पुलिस ने नहीं की पुष्टि
घटना के दौरान स्थानीय मंदिर में भी तोड़फोड़ किए जाने की चर्चा सामने आई है। हालांकि, पुलिस-प्रशासन की ओर से फिलहाल इसकी आधिकारिक पुष्टि नहीं की गई है। प्रशासन ने लोगों से अपुष्ट खबरों और सोशल मीडिया पर प्रसारित हो रही सूचनाओं पर भरोसा नहीं करने की अपील की है।
CCTV फुटेज खंगाल रही पुलिस
पुलिस पूरे घटनाक्रम की जांच में जुटी है। घटनास्थल और आसपास के इलाकों में उपलब्ध CCTV फुटेज को खंगाला जा रहा है। पुलिस कथित उपद्रव में शामिल लोगों की पहचान करने की प्रक्रिया में जुटी है। फुटेज के आधार पर पहचान होने के बाद संबंधित लोगों के खिलाफ कानून के अनुसार कार्रवाई की जाएगी।
फिलहाल थंडारडीह और आसपास के इलाके में भारी पुलिस बल तैनात है। प्रशासन की प्राथमिकता स्थिति को पूरी तरह सामान्य बनाए रखना और किसी भी तरह की अफवाह या दोबारा तनाव की स्थिति को रोकना है। पुलिस ने लोगों से संयम बरतने और किसी भी अपुष्ट सूचना को आगे प्रसारित नहीं करने की अपील की है।



