
चाईबासा: झारखंड में दुष्कर्म की घटनाएं कम होने का नाम नहीं ले रही हैं। झारखंड की चाईबासा पुलिस ने चार आरोपियों को दुष्कर्म के आरोप में गिरफ्तार किया है।
पश्चिमी सिंहभूम जिले के मुफ्फसिल थाना क्षेत्र के पांड्रासाली ओपी अंतर्गत एक नाबालिग लड़की से सामूहिक दुष्कर्म के मामले में पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए चार नामजद आरोपियों को गिरफ्तार किया है। पुलिस के अनुसार, प्राथमिकी दर्ज होने के करीब 10 घंटे के भीतर सभी आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया गया।
पुलिस के मुताबिक, पीड़िता की मां ने 18 सितंबर 2026 को मुफ्फसिल थाना (पांड्रासाली ओपी) में लिखित शिकायत दी थी। शिकायत में आरोप लगाया गया कि नामजद आरोपी नाबालिग को कथित तौर पर जबरन घर से उठाकर गांव के पास स्थित एक नाले के समीप ले गए। वहां आरोपियों ने बारी-बारी से उसके साथ दुष्कर्म किया।
एसपी के निर्देश पर गठित हुई विशेष टीम
मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस अधीक्षक अमित रेणु के निर्देश पर तत्काल विशेष छापामारी टीम का गठन किया गया। टीम ने तकनीकी सहायता और मानवीय सूचना के आधार पर आरोपियों की तलाश शुरू की। इसके बाद विभिन्न संभावित ठिकानों पर लगातार छापेमारी और तलाशी अभियान चलाया गया।
पुलिस का दावा है कि लगातार की गई कार्रवाई के दौरान प्राथमिकी दर्ज होने के लगभग 10 घंटे के भीतर चारों नामजद आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया गया।
गिरफ्तार आरोपियों में चम्पाये होनहागा (26 वर्ष)- निवासी गाड़ाहातु, दामु उर्फ राजेश पाड़ेया (20 वर्ष)- निवासी गाड़ाहातु, छोटा उर्फ पाईकेराय (46 वर्ष)- निवासी गाड़ाहातु, डेमू उर्फ सिकन्दर पूरती (40 वर्ष)- निवासी सोनरो शामिल हैं।
पुलिस के अनुसार, पूछताछ के दौरान आरोपियों ने मामले में अपनी संलिप्तता स्वीकार की है। हालांकि, किसी आरोपी की स्वीकारोक्ति को अदालत में अपराध सिद्ध होने का अंतिम आधार नहीं माना जाता; मामले में आगे न्यायिक प्रक्रिया के तहत साक्ष्यों की जांच होगी।
न्यायिक हिरासत में भेजे गए आरोपी
गिरफ्तारी के बाद पुलिस ने मामले से संबंधित आवश्यक कानूनी और चिकित्सीय प्रक्रियाएं पूरी कीं। इसके बाद शुक्रवार को चारों आरोपियों को सुरक्षा के बीच चाईबासा मंडलकारा भेज दिया गया। पुलिस ने मामले में आगे की कार्रवाई करते हुए स्पीडी ट्रायल के लिए आवश्यक प्रक्रिया सुनिश्चित करने की बात कही है।







