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गढ़वा: पत्थर खनन पट्टा निर्गत करने हेतु गलत प्रतिवेदन के कारण अंचल अमीन हुए कार्यमुक्त

On: September 8, 2024 1:09 PM
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राजस्व उपनिरीक्षक निलंबित एवं तत्कालीन अंचल अधिकारी एवं अंचल निरीक्षक पर विभागीय कार्रवाई की अनुशंसा

तथ्य को छुपाकर गलत प्रतिवेदन करने पर की जाएगी कड़ी कार्रवाई : उपायुक्त

गढ़वा: रंका प्रखण्ड के ग्राम-दौनादाग, पो.+थाना- रंका, गढ़वा एवं अन्य के द्वारा रंका अंचल अन्तर्गत मौजा-पुरेगाड़ा में मेसर्स माँ भगवती ट्रेडर्स को पत्थर खनन पट्टा निर्गत करने हेतु जमीन का गलत प्रतिवेदन निवर्तमान अंचल अधिकारी, अंचल निरीक्षक, राजस्व उप निरीक्षक एवं अंचल अमीन द्वारा जिला को दिया गया था। दूसरी बार भी इसी प्रतिवेदन को सही मानकर लीज आवंटित करने हेतु अनुशंसा किया गया था।

ग्राम पूरेगाड़ा के ग्रामीणों द्वारा जमीन का गलत प्रतिवेदन संबंधी शिकायत उपायुक्त से किया गया जिसके आलोक में उपायुक्त द्वारा अंचल अधिकारी, रंका से स्थल जाँच कर सुस्पष्ट प्रतिवेदन की मांग की गई। तीसरी बार अंचल कार्यालय रंका से प्राप्त प्रतिवेदन से स्पष्ट हुआ कि पूर्व में दो बार अंचल कार्यालय रंका से स्थल का गलत प्रतिवेदन दिया गया जिसके आलोक में मेसर्स माँ भगवती ट्रेडर्स को पत्थर खनन पट्टा निर्गत करने हेतु स्वीकृति प्रदान की गई थी। गलत प्रतिवेदन देकर खनन पट्टा प्रभावित करने में श्री नवल तिवारी, अंचल अमीन रंका, श्री विकास कपरदार राजस्व उपनिरीक्षक रंका, श्री राजकुमार प्रजापति तत्कालीन अंचल निरीक्षक रंका एवं श्री शंभू राम तत्कालीन अंचल अधिकारी, रंका दोषी पाए गए हैं जिनके विरूद्ध अनुशासनिक कार्रवाई की गई है।

स्वीकृत खनन लीज के विरोध में ग्राम-पुरेगाड़ा के ग्रामीणों द्वारा दिये गये आवेदन पर वर्तमान अंचल अधिकारी, रंका द्वारा स्वीकृत स्थल जाँच के क्रम में पाया गया कि अंचल अमीन द्वारा तैयार किये गये नक्शे की भूमि पर्यावरणीय स्वीकृति हेतु अपेक्षित मानक को पूर्ण नहीं करता है। स्पष्ट है कि अंचल अमीन द्वारा अपने कर्तव्यों के निर्वहन में घोर लापरवाही बरती गई है। श्री नवल तिवारी, अंचल अमीन के इस कार्य में लापरवाही के कारण समय का अपव्यय के साथ-साथ प्रशासन की छवि धूमिल हुई है, जिस कारण श्री नवल तिवारी, बाह्यस्रोत से कार्यरत अंचल अमीन, रंका को तत्काल प्रभाव से कार्यमुक्त कर दिया गया है। जबकि एक ही खाता, प्लौट एवं रकबा हेतु राजस्व उपनिरीक्षक श्री विकास कपरदार द्वारा अलग-अलग प्रतिवेदन उपलब्ध कराने के आरोप में श्री विकास कपरदार, राजस्व उपनिरीक्षक द्वारा अपने कर्तव्यों के निर्वहन में घोर लापरवाही बरती गई है।

इनके इस कृत्य के लिए श्री विकास कपरदार, राजस्व उपनिरीक्षक, रंका को झारखण्ड सरकारी सेवक (वर्गीकरण, नियंत्रण एवं अपील) नियमावली, 2016 की कंडिका-9 के अधीन तत्काल प्रभाव से निलम्बित करते हुए इनका मुख्यालय अंचल कार्यालय, खरौन्धी निर्धारित किया गया है। उपायुक्त द्वारा श्री शंभू राम, तत्कालीन अंचल अधिकारी, रंका एवं श्री राजकुमार प्रजापति, तत्कालीन अंचल निरीक्षक, रंका सम्प्रति अंचल अधिकारी डण्डई के विरूद्ध आरोप-पत्र गठित कर कार्रवाई करने की अनुशंसा राजस्व निबंधन एवं भूमि सुधार विभाग को किया गया है।

Vishwajeet

मेरा नाम विश्वजीत कुमार है। मैं वर्तमान में झारखंड वार्ता (समाचार संस्था) में कंटेंट राइटर के पद पर कार्यरत हूं। समाचार लेखन, फीचर स्टोरी और डिजिटल कंटेंट तैयार करने में मेरी विशेष रुचि है। सटीक, सरल और प्रभावी भाषा में जानकारी प्रस्तुत करना मेरी ताकत है। समाज, राजनीति, खेल और समसामयिक मुद्दों पर लेखन मेरा पसंदीदा क्षेत्र है। मैं हमेशा तथ्यों पर आधारित और पाठकों के लिए उपयोगी सामग्री प्रस्तुत करने का प्रयास करता हूं। नए विषयों को सीखना और उन्हें रचनात्मक अंदाज में पेश करना मेरी कार्यशैली है। पत्रकारिता के माध्यम से समाज में सकारात्मक बदलाव लाने की कोशिश करता हूं।

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