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सचिन तेंदुलकर को हटाना चाहती थी BCCI, पूर्व चीफ सिलेक्टर ने किया बड़ा खुलासा

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Sachin Tendulkar: भारतीय क्रिकेट इतिहास के महानतम बल्लेबाजों में शुमार सचिन तेंदुलकर ने साल 2013 में अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट से विदाई ली थी। अपने करीब 24 साल लंबे करियर में उन्होंने अनगिनत रिकॉर्ड बनाए और आज भी टेस्ट व वनडे क्रिकेट में सबसे ज्यादा रन बनाने वाले बल्लेबाजों की सूची में शीर्ष पर बने हुए हैं। हालांकि उनके करियर के अंतिम दौर में एक समय ऐसा भी आया था, जब चयनकर्ताओं के बीच उनके भविष्य को लेकर चर्चा शुरू हो गई थी।

इस बात का खुलासा भारत के पूर्व मुख्य चयनकर्ता संदीप पाटिल ने हाल ही में एक इंटरव्यू के दौरान किया। उन्होंने बताया कि साल 2012 के दौरान सचिन का प्रदर्शन उम्मीद के अनुरूप नहीं चल रहा था, जिसके कारण चयन समिति के भीतर उनके विकल्प को लेकर बातचीत शुरू हुई थी।

पाटिल के मुताबिक, जब इस बारे में सचिन से बात की गई तो वह काफी हैरान रह गए थे। उन्होंने कहा कि जब उन्होंने सचिन से उनके आगे के क्रिकेट करियर की योजना के बारे में सवाल किया, तो सचिन ने तुरंत पूछा कि उनसे ऐसा सवाल क्यों किया जा रहा है। तब उन्हें बताया गया कि चयनकर्ता भविष्य को देखते हुए उनके संभावित विकल्प पर भी विचार कर रहे हैं।

पूर्व मुख्य चयनकर्ता ने बताया कि यह बात सुनकर सचिन को काफी आश्चर्य हुआ। बाद में उन्होंने दोबारा फोन कर यह पुष्टि भी की कि क्या सच में चयन समिति के बीच इस तरह की चर्चा हो रही है। पाटिल ने उन्हें साफ तौर पर बताया कि चयनकर्ता उनके भविष्य को लेकर विचार जरूर कर रहे हैं।

हालांकि पाटिल ने यह भी स्पष्ट किया कि चयन समिति के पास किसी भी खिलाड़ी को जबरन संन्यास लेने के लिए मजबूर करने का अधिकार नहीं होता। चयनकर्ता केवल खिलाड़ी से उसके भविष्य की योजना के बारे में पूछ सकते हैं। जब सचिन से यह सवाल किया गया तो उन्होंने साफ तौर पर कहा कि वह अभी क्रिकेट खेलना जारी रखना चाहते हैं। इसके बाद चयन समिति ने उनके फैसले का सम्मान किया और उन्हें टीम में बनाए रखा।
बाद में जब सचिन ने खुद अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट से संन्यास लेने का फैसला किया, तो उन्होंने इसकी जानकारी चयन समिति को भी दे दी थी। उनके संन्यास के साथ ही क्रिकेट जगत के एक स्वर्णिम युग के अंत की चर्चा होने लगी थी।

गौरतलब है कि सचिन तेंदुलकर ने अपना आखिरी टेस्ट मैच नवंबर 2013 में वानखेड़े स्टेडियम, मुंबई में खेला था। यह मुकाबला वेस्टइंडीज के खिलाफ था और खास बात यह रही कि उन्होंने अपने घरेलू मैदान पर ही अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट को अलविदा कहा। उस मैच के बाद उनका भावुक विदाई भाषण भी क्रिकेट प्रेमियों के दिलों में हमेशा के लिए दर्ज हो गया।

Vishwajeet

मेरा नाम विश्वजीत कुमार है। मैं वर्तमान में झारखंड वार्ता (समाचार संस्था) में कंटेंट राइटर के पद पर कार्यरत हूं। समाचार लेखन, फीचर स्टोरी और डिजिटल कंटेंट तैयार करने में मेरी विशेष रुचि है। सटीक, सरल और प्रभावी भाषा में जानकारी प्रस्तुत करना मेरी ताकत है। समाज, राजनीति, खेल और समसामयिक मुद्दों पर लेखन मेरा पसंदीदा क्षेत्र है। मैं हमेशा तथ्यों पर आधारित और पाठकों के लिए उपयोगी सामग्री प्रस्तुत करने का प्रयास करता हूं। नए विषयों को सीखना और उन्हें रचनात्मक अंदाज में पेश करना मेरी कार्यशैली है। पत्रकारिता के माध्यम से समाज में सकारात्मक बदलाव लाने की कोशिश करता हूं।