रामगढ़: रजरप्पा थाना क्षेत्र के सुकरीगढ़ा गांव अंतर्गत बमहनीडीह में सरस्वती पूजा विसर्जन के दौरान सोमवार देर रात हालात अचानक बेकाबू हो गए। शांतिपूर्ण माहौल में निकला विसर्जन जुलूस देखते ही देखते विवाद और हिंसा में तब्दील हो गया, जिससे पूरे इलाके में अफरातफरी और दहशत का माहौल बन गया।
जानकारी के अनुसार, सुकरीगढ़ा गांव में सरस्वती माता की प्रतिमा विसर्जन को लेकर ग्रामीणों द्वारा गाजे-बाजे के साथ जुलूस निकाला गया था। जुलूस देवी मंडा के समीप पहुंचा, जहां रजरप्पा थाना पुलिस द्वारा सुरक्षा व्यवस्था संभाली जा रही थी। इसी दौरान पुलिस प्रशासन ने डीजे बंद कर पास के तालाब में शीघ्र प्रतिमा विसर्जन करने का आग्रह किया।
हालांकि, कुछ ग्रामीण डीजे बंद करने और समीप के तालाब में विसर्जन करने को तैयार नहीं हुए। वे आगे स्थित दूसरे तालाब में प्रतिमा विसर्जन की जिद पर अड़ गए। इसी बात को लेकर ग्रामीणों और पुलिस के बीच पहले नोक-झोंक हुई, जो बाद में जोरदार झड़प में बदल गई।
रात का फायदा उठाकर असामाजिक तत्वों ने किया पथराव
प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, अंधेरे का फायदा उठाकर कुछ असामाजिक तत्वों ने अचानक पुलिस बल पर पथराव शुरू कर दिया। इस हमले में रजरप्पा थाना के कॉन्स्टेबल सह अंगरक्षक फूलचंद महतो के सिर में गंभीर चोट आई, जिससे उनका माथा फट गया। इसके अलावा कई अन्य पुलिसकर्मी भी घायल हो गए।
घायलों को तत्काल सदर अस्पताल रामगढ़ में भर्ती कराया गया, जहां उनका इलाज किया गया। स्थिति को नियंत्रित करने के लिए पुलिस को हल्का बल प्रयोग भी करना पड़ा, जिसमें कुछ ग्रामीणों के घायल होने की सूचना है।
मौके पर पहुंचे वरीय अधिकारी, गांव छावनी में तब्दील
घटना की सूचना मिलते ही रामगढ़ एसडीपीओ परमेश्वर प्रसाद, रजरप्पा थाना प्रभारी कृष्ण कुमार समेत कई वरीय पुलिस पदाधिकारी भारी पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे। इसके बाद सुकरीगढ़ा गांव को पुलिस छावनी में तब्दील कर दिया गया।
एसडीपीओ के नेतृत्व में गांव में सघन तलाशी अभियान चलाया गया, इस दौरान कई घरों की जांच की गई और दर्जनों लोगों को हिरासत में लिया गया।
43 नामजद, 150 अज्ञात पर मामला दर्ज
रजरप्पा थाना पुलिस ने इस मामले में सख्त कार्रवाई करते हुए 43 नामजद और 150 अज्ञात लोगों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज की है। पुलिस ने अब तक 10 आरोपियों को गिरफ्तार कर न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया है, जबकि अन्य की गिरफ्तारी के लिए लगातार छापेमारी की जा रही है।
पुलिस प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि कानून व्यवस्था बिगाड़ने वालों और पुलिस पर हमला करने वालों को किसी भी सूरत में बख्शा नहीं जाएगा। फिलहाल इलाके में अतिरिक्त पुलिस बल तैनात कर स्थिति पर नजर रखी जा रही है।














