
सुरक्षा की गुहार लेकर डीसी एसपी के दरवाजे पहुंचा महासंघ
आकाश लोहार
गढ़वा
दीपावली हो या छठ महापर्व,इन त्योहारों की असली रौनक बाजारों की चहल पहल,दुकानदारों की मुस्कान और खरीदारी करने निकले परिवारों की खुशियों से होती है,लेकिन जब बाजारों में भीड़ बढ़ती है,कारोबार का दायरा बढ़ता है और दुकानों में लाखों रुपए के आभूषण एवं सामान का लेनदेन होता है,तब सुरक्षा की चिंता भी व्यापारियों के मन में घर करने लगती है,त्योहार खुशियों का हो,कारोबार का हो या आस्था का,कोई भी व्यापारी भय के साये में अपना व्यवसाय नहीं करना चाहता,इसी चिंता को आवाज देते हुए गढ़वा जिला व्यावसायिक महासंघ ने दीपावली एवं छठ महापर्व से पहले व्यापारियों की सुरक्षा का मुद्दा जिला प्रशासन के समक्ष उठाया है,सोमवार को महासंघ के प्रतिनिधिमंडल ने गढ़वा के उपायुक्त एवं पुलिस अधीक्षक से मुलाकात कर बुके और गुलदस्ता भेंट कर उनका अभिनंदन किया तथा व्यापारियों की सुरक्षा से जुड़ी मांगों का ज्ञापन सौंपा।
महासंघ ने विशेष रूप से स्वर्णकार,सर्राफा एवं बर्तन व्यवसायियों की सुरक्षा के लिए अतिरिक्त पुलिस व्यवस्था करने की मांग की :- ज्ञापन में महासंघ ने कहा कि दीपावली खुशियों,उत्साह,प्रेम,भाईचारे और समृद्धि का पर्व है,इस दौरान गढ़वा शहर सहित जिले के विभिन्न बाजारों में खरीदारी के लिए बड़ी संख्या में लोग पहुंचते हैं,बाजारों में भीड़ बढ़ने के साथ व्यावसायिक गतिविधियां भी तेज हो जाती हैं,ऐसे में आम नागरिकों के साथ साथ कारोबारियों की सुरक्षा सुनिश्चित करना पुलिस प्रशासन की महत्वपूर्ण जिम्मेदारी है,महासंघ ने कहा कि स्वर्णकार एवं सर्राफा व्यवसायियों की दुकानों में सोना,चांदी और अन्य बहुमूल्य आभूषण रखे जाते हैं,धनतेरस एवं दीपावली के दौरान इन दुकानों पर ग्राहकों की भीड़ और लेनदेन काफी बढ़ जाता है,ऐसे समय में चोरी,छिनतई और लूट जैसी आपराधिक घटनाओं की आशंका बनी रहती है,इसलिए व्यापारियों को भयमुक्त माहौल उपलब्ध कराना बेहद जरूरी है।
महासंघ ने रखीं छह प्रमुख मांगें :- व्यावसायिक महासंघ ने प्रशासन के सामने छह प्रमुख मांगें रखीं,धनतेरस एवं दीपावली के दौरान आभूषण दुकानों तथा स्वर्णकार एवं सर्राफा बाजार के आसपास अतिरिक्त पुलिस बल की तैनाती की जाए,मुख्य बाजार,मेन रोड,बस स्टैंड,सब्जी बाजार,सोनपुरवा,टंडवा और कचहरी रोड सहित सभी प्रमुख व्यावसायिक क्षेत्रों में सुबह से देर रात तक नियमित पुलिस गश्ती कराई जाए,संवेदनशील व्यावसायिक क्षेत्रों में सादे लिबास में पुलिसकर्मियों की तैनाती हो,ताकि संदिग्ध गतिविधियों पर नजर रखी जा सके,प्रमुख चौक चौराहों एवं भीड़भाड़ वाले स्थानों पर यातायात पुलिस की विशेष व्यवस्था की जाए,जिससे जाम की समस्या से लोगों को राहत मिल सके,देर शाम दुकानों के बंद होने के समय और रात्रि में बाजार क्षेत्रों में पुलिस गश्ती बढ़ाई जाए,बाजारों एवं संवेदनशील स्थानों पर लगे सीसीटीवी कैमरों की निगरानी और उनके सुचारू रूप से काम करने की व्यवस्था सुनिश्चित की जाए।
व्यापारी और पुलिस एक दूसरे के पूरक : संतोष केसरी :- इस मौके पर महासंघ के अध्यक्ष संतोष केसरी ने कहा कि व्यापारी और पुलिस प्रशासन एक-दूसरे के पूरक हैं,दोनों के बीच बेहतर समन्वय और विश्वास का संबंध होना बेहद जरूरी है,किसी भी अप्रिय घटना की स्थिति में त्वरित सूचना और कार्रवाई के लिए पुलिस प्रशासन एवं व्यावसायिक महासंघ के बीच बेहतर संवाद स्थापित होना चाहिए,उन्होंने कहा कि हमारा उद्देश्य केवल व्यापारियों की सुरक्षा की मांग करना नहीं,बल्कि पूरे शहर में ऐसा सुरक्षित वातावरण तैयार करना है,जहां व्यापारी,ग्राहक और आम नागरिक सभी निर्भय होकर अपना काम कर सकें।
सुरक्षा के साथ सामाजिक एकता और भाईचारे का भी संदेश :- महासंघ के उपाध्यक्ष भुवनेश्वर सोनी ने कहा कि गढ़वा जिला व्यावसायिक महासंघ केवल व्यवसायियों के हितों की बात करने वाला संगठन नहीं है,बल्कि सामाजिक एकता,जनसुरक्षा,प्रशासनिक सहयोग और शहर के शांतिपूर्ण विकास के प्रति भी अपनी जिम्मेदारी समझता है,महामंत्री अरविंद गुप्ता ने कहा कि जब व्यापारी सुरक्षित रहेंगे,तभी बाजार में विश्वास का वातावरण बनेगा और आम नागरिक भी निर्भय होकर त्योहारों की खरीदारी कर सकेंगे,दीपावली किसी एक वर्ग या समुदाय का पर्व नहीं,बल्कि पूरे समाज का उत्सव है,सभी धर्मों और समुदायों के लोग आपसी प्रेम,सद्भाव एवं भाईचारे के साथ त्योहार मनाएं,यही महासंघ की कामना है,वहीं महासंघ के उपाध्यक्ष उमेश केसरी ने कहा कि गढ़वा पुलिस प्रशासन हमेशा सुरक्षा और विधि व्यवस्था को लेकर आवश्यक कदम उठाता रहा है,उन्हें विश्वास है कि इस बार भी प्रशासन व्यवसायियों एवं आम नागरिकों को सुरक्षित वातावरण उपलब्ध कराने के लिए विशेष व्यवस्था करेगा,संगठन मंत्री कैलाश कश्यप ने प्रशासन से महासंघ द्वारा उठाए गए सभी बिंदुओं पर गंभीरतापूर्वक विचार करते हुए धनतेरस,दीपावली एवं छठ महापर्व के दौरान विशेष सुरक्षा व्यवस्था सुनिश्चित करने का आग्रह किया,कोषाध्यक्ष हर्ष अग्रवाल ने कहा कि व्यवसायियों की सुरक्षा केवल व्यापारियों का विषय नहीं,बल्कि शहर की आर्थिक गतिविधियों की सुरक्षा से भी जुड़ा हुआ है,महासंघ प्रशासन को हरसंभव सहयोग देने के लिए तत्पर है,सभी के सामूहिक प्रयास से ही सुरक्षित और व्यवस्थित बाजार का निर्माण संभव है।
एसपी ने दिया सुरक्षा का भरोसा,डीसी ने भी किया आश्वस्त :- प्रतिनिधिमंडल की बातों को सुनने के बाद पुलिस अधीक्षक ने आश्वस्त किया कि गढ़वा जिला पुलिस प्रशासन की कल होने वाली बैठक में सुरक्षा से जुड़े सभी बिंदुओं पर चर्चा की जाएगी,उन्होंने कहा कि दीपावली एवं छठ महापर्व को शांतिपूर्ण,सुरक्षित और सौहार्दपूर्ण वातावरण में संपन्न कराने के लिए पुलिस प्रशासन पूरी तरह संकल्पित है,सुरक्षा व्यवस्था में किसी भी प्रकार की कोताही नहीं बरती जाएगी और सभी आवश्यक कदम उठाए जाएंगे,वहीं उपायुक्त ने भी आश्वस्त किया कि गढ़वा जिले में दीपावली एवं छठ का त्योहार बेहतर एवं शांतिपूर्ण माहौल में संपन्न होगा,उन्होंने व्यवसायियों की सुरक्षा को लेकर पुलिस अधीक्षक के साथ समन्वय स्थापित कर आवश्यक व्यवस्था सुनिश्चित कराने की बात कही।
महासंघ का संकल्प : सुरक्षित रहे व्यापारी,निर्भय होकर बाजार आएं ग्राहक :- अंत में गढ़वा जिला व्यावसायिक महासंघ ने जिला प्रशासन एवं पुलिस प्रशासन के प्रति आभार व्यक्त करते हुए कहा कि संगठन का संकल्प है कि गढ़वा का हर व्यापारी सुरक्षित रहे,हर ग्राहक निर्भय होकर बाजार पहुंचे और हर परिवार खुशियों के साथ त्योहार मनाए,इस मौके पर महासंघ के अध्यक्ष संतोष केसरी,उपाध्यक्ष भुवनेश्वर सोनी,उपाध्यक्ष उमेश केसरी, महामंत्री अरविंद गुप्ता,कोषाध्यक्ष हर्ष अग्रवाल,संगठन मंत्री कैलाश कश्यप एवं महासंघ के सम्मानित सदस्य अंकित सोनी सहित अन्य लोग उपस्थित थे,अब निगाहें प्रशासन की तैयारियों पर हैं,व्यापारियों ने अपनी चिंता और मांगें प्रशासन तक पहुंचा दी हैं,जरूरत इस बात की है कि त्योहारों की भीड़ के बीच सुरक्षा का ऐसा मजबूत इंतजाम हो,जिससे बाजारों में रौनक भी बनी रहे और हर व्यापारी अपने प्रतिष्ठान में बिना किसी डर के दीपावली की खुशियां मना सके।




