सरायकेला

खरसावां और राजनगर में मिट्टी के मकान ढहने से 3 लोगों की मौत, 11 घायल

सरायकेला: सरायकेला-खरसावां जिले में लगातार हो रही बारिश के बीच शुक्रवार और शनिवार को दो अलग-अलग गांवों में हुए हादसों ने पूरे इलाके को दहला दिया। मिट्टी के मकान ढहने से तीन लोगों की मौत हो गई, जिनमें दो मासूम बच्चे शामिल हैं, जबकि 11 लोग घायल हो गए।


पहला हादसा राजनगर प्रखंड के दादू गांव में शुक्रवार की शाम सामने आया। यहां अरविंद लोहार (7) और उसकी मां शांति लोहार (27) की मिट्टी के मकान के मलबे में दबकर मौत हो गई। इस हादसे में परिवार के अन्य आठ लोग भी घायल हो गए। घायलों को तुरंत 108 एंबुलेंस से राजनगर सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र भेजा गया। प्राथमिक उपचार के बाद सात गंभीर रूप से घायलों को बेहतर इलाज के लिए एमजीएम अस्पताल, जमशेदपुर रेफर कर दिया गया।

दूसरा हादसा शनिवार तड़के खरसावां थाना क्षेत्र के कोल शिमला गांव में हुआ। भारी बारिश के बीच मुन्ना बोदरा का मिट्टी का मकान अचानक ढह गया। इस हादसे में उसका पांच वर्षीय पुत्र बाजाय बोदरा की मौत हो गई। मलबे में दबकर मुन्ना बोदरा (35), उनकी पत्नी अनुष्का बोदरा (30) और छोटा बेटा गंभीर रूप से घायल हो गए। सभी घायलों का इलाज सरायकेला सदर अस्पताल में चल रहा है।

दोनों घटनाओं के बाद गांवों में मातम का माहौल है और लोग भयभीत हैं। ग्रामीणों का कहना है कि लगातार बारिश से कच्चे मकान जर्जर हो चुके हैं और हादसे की आशंका बनी रहती है। प्रशासनिक अधिकारियों ने प्रभावित परिवारों से मुलाकात कर हर संभव मदद का भरोसा दिलाया है। वहीं आपदा प्रबंधन विभाग की टीम भी नुकसान का आकलन कर रही है।

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Vishwajeet

मेरा नाम विश्वजीत कुमार है। मैं वर्तमान में झारखंड वार्ता (समाचार संस्था) में कंटेंट राइटर के पद पर कार्यरत हूं। समाचार लेखन, फीचर स्टोरी और डिजिटल कंटेंट तैयार करने में मेरी विशेष रुचि है। सटीक, सरल और प्रभावी भाषा में जानकारी प्रस्तुत करना मेरी ताकत है। समाज, राजनीति, खेल और समसामयिक मुद्दों पर लेखन मेरा पसंदीदा क्षेत्र है। मैं हमेशा तथ्यों पर आधारित और पाठकों के लिए उपयोगी सामग्री प्रस्तुत करने का प्रयास करता हूं। नए विषयों को सीखना और उन्हें रचनात्मक अंदाज में पेश करना मेरी कार्यशैली है। पत्रकारिता के माध्यम से समाज में सकारात्मक बदलाव लाने की कोशिश करता हूं।