रांची: राज्यस्तरीय पुरुष नसबंदी अभियान की शुरुआत, स्वास्थ्य मंत्री ने जागरुकता रथ को दिखाई हरी झंडी
रांची: नामकुम स्थित आईपीएच सभागार में राज्य स्तरीय पुरुष नसबंदी अभियान सह सम्मान समारोह का आयोजन किया गया। स्वास्थ्य मंत्री डॉ. इरफान अंसारी ने कार्यक्रम का शुभारंभ करते हुए पुरुष नसबंदी जागरुकता रथ और डाक विभाग के वाहन को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया। 20 दिसंबर तक यह अभियान चलेगा। स्वास्थ्य मंत्री डॉ. इरफान अंसारी ने कार्यक्रम का शुभारंभ करते हुए कहा कि परिवार नियोजन केवल जनसंख्या नियंत्रण का नहीं, बल्कि स्वस्थ परिवार और सुरक्षित मातृत्व की दिशा में एक बड़ा कदम है।
उन्होंने कहा कि इस प्रयास की सफलता पुरुषों की समान भागीदारी पर निर्भर करती है। उन्होंने सभी से इस अभियान को जन आंदोलन के रूप में आगे बढ़ाने का आह्वान किया।
डॉ. अंसारी ने कहा कि परिवार नियोजन केवल जनसंख्या नियंत्रण नहीं, बल्कि स्वस्थ परिवार, सुरक्षित मातृत्व और खुशहाल समाज की दिशा में एक सशक्त कदम है। उन्होंने कहा कि हर बच्चे का जन्म योजना और तैयारी के साथ होना चाहिए और हर मां को सुरक्षित मातृत्व का अधिकार मिलना चाहिए।
स्वास्थ्य मंत्री ने कहा कि परिवार नियोजन की जिम्मेदारी केवल महिलाओं तक सीमित नहीं रहनी चाहिए। अब पुरुषों को भी समान रूप से यह जिम्मेदारी निभानी होगी। नसबंदी एक सुरक्षित, सरल और प्रभावी उपाय है, जिसके प्रति समाज में व्याप्त भ्रांतियों को दूर करना हम सबकी जिम्मेदारी है।
उन्होंने उत्कृष्ट कार्य करने वाले स्वास्थ्यकर्मियों और संस्थानों को बधाई देते हुए कहा कि यह उपलब्धि पूरे राज्य के लिए गर्व की बात है। डॉ. अंसारी ने बताया कि राज्य में स्वास्थ्य सेवाओं को सशक्त करने के लिए 8500 हेल्थ टेक्निकल और नॉन-टेक्निकल कर्मियों की बहाली की जाएगी।
उन्होंने यह भी बताया कि राँची सदर अस्पताल को राज्य का पहला एनएबीएल सर्टिफिकेट प्राप्त हुआ है, जो सभी स्वास्थ्यकर्मियों के संयुक्त प्रयास का परिणाम है।
डाक विभाग के साथ एमओयू पर हस्ताक्षर
इस अवसर पर भारतीय डाक विभाग, झारखंड परिमंडल और राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन (एनएचएम), झारखंड सरकार के बीच परिवार नियोजन सामग्रियों के परिवहन एवं वितरण हेतु समझौता ज्ञापन (एमओयू) पर हस्ताक्षर किए गए। इसके तहत डाक विभाग अपने इंडिया पोस्ट पार्सल नेटवर्क के माध्यम से सामग्रियों की समयबद्ध आपूर्ति राज्यभर के स्वास्थ्य केंद्रों तक सुनिश्चित करेगा। यह पहल “स्वस्थ झारखंड, सुखी झारखंड” के लक्ष्य को सशक्त बनाएगी।
परिवार नियोजन सेवाओं को और सशक्त बनाएगी सरकार – अजय कुमार सिंह
अपर मुख्य सचिव श्री अजय कुमार सिंह ने कहा कि परिवार नियोजन केवल स्वास्थ्य कार्यक्रम नहीं, बल्कि सामाजिक और आर्थिक प्रगति का आधार है। उन्होंने कहा कि सामूहिक प्रयासों से झारखंड पुरुष सहभागिता आधारित परिवार नियोजन में आदर्श राज्य बनेगा।
सुरक्षित और प्रभावी उपाय है पुरुष नसबंदी – शशि प्रकाश झा
राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन के अभियान निदेशक श्री शशि प्रकाश झा ने बताया कि राज्य की कुल प्रजनन दर (TFR) 3.5 से घटकर 2.3 हो चुकी है, जबकि गर्भनिरोधक प्रचलन दर (CPR) 35.7% से बढ़कर 61.7% हुई है। उन्होंने कहा कि अब पुरुषों की सक्रिय भागीदारी आवश्यक है, क्योंकि पुरुष नसबंदी एक सुरक्षित, सरल और प्रभावी उपाय है।
राज्य में परिवार नियोजन संकेतकों में सुधार – डॉ. पुष्पा
राज्य नोडल पदाधिकारी डॉ. पुष्पा ने बताया कि झारखंड में परिवार नियोजन के संकेतकों में उल्लेखनीय सुधार हुआ है। Unmet Need घटकर 10% रह गई है तथा अस्थायी विधियों के उपयोग में निरंतर वृद्धि हुई है।
नई विधियों का शुभारंभ और सम्मान समारोह
कार्यक्रम में गर्भनिरोधक की नई विधियों MPA-SC एवं इम्प्लांट का शुभारंभ किया गया तथा सहिया के लिए तैयार वीडियो फिल्म का विमोचन हुआ। राज्यभर के उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले स्वास्थ्यकर्मियों एवं संस्थानों को सम्मानित किया गया, जिनमें 37 स्वास्थ्य संस्थान, 19 मास्टर ट्रेनर, 9 स्टोरकीपर, 16 बीटीटी, 10 सहिया, 10 सर्जन, 8 एएनएम/जीएनएम और 11 काउंसलर शामिल हैं।
मुख्य उपलब्धियां
• कुल प्रजनन दर (TFR) 3.5 (AHS-2011) से घटकर 2.3 (NFHS-5, 2019-21)
• गर्भनिरोधक प्रचलन दर (CPR) 35.7% से बढ़कर 61.7%
• परिवार नियोजन की अपूर्ण आवश्यकता 22.6% से घटकर 11.5%
• PPIUCD Insertion प्रतिशत 36%
• नई विधियाँ जोड़ी गईं: अंतरा IM, छाया, अंतरा SC, इम्प्लांट
• Self Care Kits एवं कंडोम बॉक्स से अस्थायी विधियों की निःशुल्क उपलब्धता
• 2019 से अब तक 1.30 लाख से अधिक सास-बहू-पति सम्मेलन, 6.98 लाख नई पहल किट वितरण एवं 76 हजार से अधिक परिवार कल्याण दिवस का आयोजन
कार्यक्रम में पूर्व राज्यसभा सांसद श्री प्रदीप बलमुचू, निदेशक डाक सेवा श्री बी.आर. चौधरी, निदेशक प्रमुख स्वास्थ्य सेवाएँ श्री सिद्धार्थ सान्याल, तथा सभी जिलों के सिविल सर्जन एवं स्वास्थ्यकर्मी उपस्थित रहे।
