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धनबाद सिविल कोर्ट को बम से उड़ाने की धमकी, मचा हड़कंप

On: February 25, 2026 2:17 PM
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धनबाद : सिविल कोर्ट को बम से उड़ाने की धमकी मिलने से सनसनी मच गई है। कोर्ट में मौजूद वकीलों और लोगों में अफरातफरी मच गई।इस बात की खबर मिलते ही प्रशासन और पुलिस ने कोर्ट परिसर को खाली कर दिया और डॉग स्क्वायड और बम निरोधक दस्ता भी मौके पर पहुंच गया. पूरे कोर्ट परिसर की घेराबंदी कर जांच शुरू कर दी गई है. एहतियात के तौर पर कोर्ट के सभी प्रवेश और निकास द्वार सील कर दिए गए हैं. पुलिस की टीम कोर्ट रूम, रिकॉर्ड रूम और वकीलों के चैंबर समेत पूरे परिसर के चप्पे-चप्पे की गहन तलाशी ले रही है. सुरक्षा के मद्देनजर कोर्ट परिसर को फिलहाल पुलिस छावनी में तब्दील कर दिया गया है।

प्राप्त जानकारी के अनुसार धमकी भरा ईमेल मिलते ही 28 कोर्ट बिल्डिंग और MP/MLA कोर्ट परिसर को एहतियातन खाली करा लिया गया. बम की खबर फैलते ही अधिवक्ताओं, कर्मचारियों और वादियों में दहशत का माहौल बन गया. मिली जानकारी के मुताबिक, कोर्ट प्रशासन को एक ईमेल प्राप्त हुआ, जिसमें कोर्ट परिसर में बम रखे जाने और उसके विस्फोट की बात लिखी गई थी. ईमेल मिलते ही प्रशासन सतर्क हो गया और तुरंत जिला जज व पुलिस अधिकारियों को इसकी सूचना दी गई.

हालांकि अब तक किसी भी संदिग्ध वस्तु के मिलने की पुष्टि नहीं हुई है. पुलिस साइबर सेल की मदद से धमकी भरा ईमेल भेजने वाले की पहचान करने में जुटी हुई है. प्रशासन ने लोगों से अपील की है कि वे अफवाहों पर ध्यान न दें और शांति बनाए रखें.
12 फरवरी को रांची डीसी ऑफिस को मिली थी धमकी
बता दें कि इससे पहले 12 फरवरी 2026 को झारखंड की राजधानी रांची में कलेक्ट्रेट (DC) ऑफिस को बम से उड़ाने की धमकी मिली थी. यह धमकी ईमेल के ज़रिए भेजी गई थी, जिससे एडमिनिस्ट्रेटिव डिपार्टमेंट में खलबली मच गई थी. इससे पहले रांची सिविल कोर्ट को भी बम से उड़ाने की धमकी मिली थी. बार-बार मिल रही इन धमकियों ने सिक्योरिटी एजेंसियों की चिंता बढ़ा दी है. सभी जगहों पर सिक्योरिटी कड़ी कर दी गई है और जांच चल रही है.

Satish Sinha

मैं सतीश सिन्हा, बीते 38 वर्षों से सक्रिय पत्रकारिता के क्षेत्र से जुड़ा हूँ। इस दौरान मैंने कई अखबारों और समाचार चैनलों में रिपोर्टर के रूप में कार्य करते हुए न केवल खबरों को पाठकों और दर्शकों तक पहुँचाने का कार्य किया, बल्कि समाज की समस्याओं, आम जनता की आवाज़ और प्रशासनिक व्यवस्थाओं की वास्तविक तस्वीर को इमानदारी से उजागर करने का प्रयास भी निरंतर करता रहा हूँ। पिछले तकरीबन 6 वर्षों से मैं 'झारखंड वार्ता' से जुड़ा हूँ और क्षेत्रीय से जिले की हर छोटी-बड़ी घटनाओं की सटीक व निष्पक्ष रिपोर्टिंग के माध्यम से पत्रकारिता को नई ऊँचाइयों तक ले जाने का प्रयास कर रहा हूँ।

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