
सरायकेला-खरसावां: झारखंड के सरायकेला-खरसावां जिले में नक्सल विरोधी अभियान के दौरान सुरक्षा बलों को बड़ी कामयाबी मिली है। जिला पुलिस, कोबरा और सशस्त्र सीमा बल (SSB) की संयुक्त टीम ने कुचाई और चांडिल थाना क्षेत्रों के जंगलों में सघन तलाशी अभियान चलाकर हथियारों का बड़ा जखीरा बरामद किया है। सुरक्षा बलों को इस दौरान 317 जिंदा कारतूस, एक IED और डिटोनेटर भी मिला है।
पुलिस के मुताबिक, यह कार्रवाई पहले गिरफ्तार किए गए दो कथित माओवादियों से पूछताछ के बाद मिली अहम जानकारी के आधार पर की गई। अदालत से रिमांड मिलने के बाद दोनों से पूछताछ की गई थी। उनकी निशानदेही पर कुचाई थाना क्षेत्र के सिकरम्बा जंगल और चांडिल के आसनबनी गांव के ऊपर दलमा जंगल में तलाशी अभियान चलाया गया।
गिरफ्तार माओवादियों की पहचान रघु सिंह सरदार उर्फ सागर सिंह सरदार बिरेन सिंह और मीना पहाड़िया उर्फ नेपू पहाड़िया के रूप में हुई है। पुलिस के अनुसार, रघु सिंह सरदार भाकपा माओवादी की रीजनल कमेटी और पश्चिम बंगाल-झारखंड-ओडिशा सीमा कमेटी का सक्रिय सदस्य रहा है।
वहीं, मीना पहाड़िया संगठन में सब-जोनल कमांडर के तौर पर सक्रिय रही है। पुलिस के अनुसार, उसके खिलाफ पश्चिम बंगाल के बलरामपुर थाने में कई मामले दर्ज हैं।
तलाशी अभियान के दौरान सुरक्षा बलों ने अलग-अलग स्थानों पर छिपाकर रखे गए हथियार और गोला-बारूद बरामद किए। आधिकारिक जानकारी के मुताबिक, बरामद हथियारों में दो .303 राइफल, एक देसी पिस्टल, एक INSAS 5.56 एमएम राइफल, एक SLR 7.62 एमएम राइफल शामिल हैं।
इसके अलावा सुरक्षा बलों को SLR की तीन, INSAS की चार, .303 राइफल की तीन और 9 एमएम पिस्टल की दो मैगजीन भी मिली हैं। सुरक्षा बलों ने अभियान के दौरान कुल 317 जिंदा कारतूस बरामद किए। इनमें 7.62 एमएम के 171, 5.56 एमएम के 126, 9 एमएम के 12 और .303 के आठ कारतूस शामिल हैं।
तलाशी के दौरान जंगल में छिपाकर रखा गया एक IED और डिटोनेटर भी बरामद हुआ। IED मिलने की सूचना के बाद मौके पर बम निरोधक दस्ते को बुलाया गया। दस्ते ने निर्धारित सुरक्षा प्रक्रिया के तहत IED को सुरक्षित तरीके से निष्क्रिय कर दिया।
पूरे अभियान में सरायकेला-खरसावां जिला पुलिस के साथ, 209- कोबरा बटालियन और 26वीं वाहिनी SSB रांची के जवान शामिल रहे। इसके अलावा कुचाई, चांडिल, नीमडीह और सरायकेला थाना की पुलिस टीमों ने भी संयुक्त तलाशी अभियान में हिस्सा लिया।







