

उन्होंने कहा कि सरकारी फाइलें काफी संवेदनशील होती हैं, इसलिए सबसे पहले यह सुनिश्चित करें कि फाइलें साइबर फ्रॉड की शिकार नहीं बनें। तकनीकी व्यवस्था सुगम हो, ताकि अनावश्यक देरी नहीं हो। कार्यालय के बाहर दूसरी जगह से भी ई-ऑफिस के जरिये कार्य करने की सहुलियत हो। उन्होंने निर्देश दिया कि इसके लिए सर्वप्रथम सभी पुरानी फाइलों को स्कैन कर उनका पीडीएफ फाइल अपलोड करें। ऐसा नहीं हो कि फिजिकल फाइल पढ़कर डिजिटल निर्णय लेने की नौबत आये। मुख्य सचिव ई-ऑफिस लाइट के क्रियान्वयन को लेकर सोमवार को उसकी प्रगति की समीक्षा कर रही थीं।
ई-ऑफिस सिस्टम के लाभ
संबंधित समाचार
Akash Lohra
September 23, 2026




