---Advertisement---

प्रखंड कार्यालय के मुख्य गेट पर कर्मियों की बाइक से आमजन परेशान, नियम पालन पर उठे सवाल

On: June 18, 2026 5:55 PM
---Advertisement---


सूरज वर्मा

केतार (गढ़वा)। केतार प्रखंड कार्यालय के मुख्य प्रवेश द्वार पर सरकारी कर्मियों की बाइक खड़ी किए जाने को लेकर ग्रामीणों में नाराजगी बढ़ती जा रही है। लोगों का आरोप है कि बार-बार निर्देश और पूर्व में हुई कार्रवाई के बावजूद कुछ कर्मी नियमों की अनदेखी कर मुख्य गेट के समीप ही अपने वाहन खड़े कर रहे हैं, जिससे आमजन को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।

ग्रामीणों ने बताया कि पूर्व उपायुक्त रमेश घोलप के कार्यकाल में प्रखंड कार्यालय के औचक निरीक्षण के दौरान कार्यालय परिसर में खड़ी प्रखंड एवं अंचल कर्मियों की छह बाइकों का चालान काटा गया था। उस समय अधिकारियों ने स्पष्ट निर्देश दिया था कि सरकारी कार्यालय परिसर और मुख्य प्रवेश द्वार के समीप अनधिकृत रूप से वाहन खड़ा नहीं किया जाएगा। इसके बावजूद स्थिति में अपेक्षित सुधार नहीं दिख रहा है।

स्थानीय लोगों का कहना है कि एक ओर आम नागरिकों को अपने वाहन धूप और खुले स्थानों पर खड़े करने पड़ते हैं, वहीं कुछ कर्मी सुविधा के लिए मुख्य गेट के पास ही बाइक लगा देते हैं। इससे न केवल कार्यालय आने-जाने वाले लोगों को दिक्कत होती है, बल्कि कई बार प्रवेश मार्ग भी बाधित हो जाता है।

ग्रामीणों ने कहा कि सरकारी कार्यालय में नियम सभी के लिए समान होने चाहिए। यदि आम लोगों से नियमों के पालन की अपेक्षा की जाती है तो अधिकारियों और कर्मियों को भी उसका पालन करना चाहिए। उन्होंने नियमों का उल्लंघन करने वाले कर्मियों के विरुद्ध कार्रवाई करने की मांग की है।

जानकारी के अनुसार अंचल निरीक्षक (सीआई) सुलेमान अंसारी द्वारा कई बार कर्मियों को मुख्य गेट के समीप बाइक नहीं लगाने की हिदायत दी जा चुकी है। बावजूद इसके समय-समय पर प्रवेश द्वार के आसपास वाहन खड़े दिखाई देते हैं, जिससे लोगों में असंतोष है।

Shubham Jaiswal

“मैं शुभम जायसवाल, बीते आठ वर्षों से सक्रिय पत्रकारिता के क्षेत्र से जुड़ा हूँ। इस दौरान मैंने विभिन्न प्रतिष्ठित अखबारों और समाचार चैनलों में प्रतिनिधि के रूप में कार्य करते हुए न केवल खबरों को पाठकों और दर्शकों तक पहुँचाने का कार्य किया, बल्कि समाज की समस्याओं, आम जनता की आवाज़ और प्रशासनिक व्यवस्थाओं की वास्तविक तस्वीर को उजागर करने का प्रयास भी निरंतर करता रहा हूँ। पिछले पाँच वर्षों से मैं साप्ताहिक अखबार ‘झारखंड वार्ता’ से जुड़ा हूँ और क्षेत्रीय से जिले की हर छोटी-बड़ी घटनाओं की सटीक व निष्पक्ष रिपोर्टिंग के माध्यम से पत्रकारिता को नई ऊँचाइयों तक ले जाने का प्रयास कर रहा हूँ। पत्रकारिता मेरे लिए केवल पेशा नहीं बल्कि समाज और जनता के प्रति एक जिम्मेदारी है, जहाँ मेरी कलम हमेशा सच और न्याय के पक्ष में चलती है।

Join WhatsApp

Join Now