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नेपाल सीमा से गिरफ्तार हुआ फालता का ‘पुष्पा’ जहांगीर खान, विदेश भागने की योजना नाकाम

On: June 8, 2026 1:58 PM
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लूटपाट, वसूली और धमकाने समेत कई मामलों में थी तलाश

कोलकाता: फालता क्षेत्र में लंबे समय से चर्चित रहे जहांगीर खान उर्फ ‘पुष्पा’ को राज्य पुलिस के विशेष कार्य बल (एसटीएफ) ने गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस ने उसे नेपाल सीमा के पास से दबोचा है। बताया जा रहा है कि वह नेपाल-बांग्लादेश सीमा के रास्ते विदेश भागने की फिराक में था, लेकिन सुरक्षा एजेंसियों की सक्रियता से उसकी योजना विफल हो गई।

पुलिस सूत्रों के अनुसार जहांगीर खान के खिलाफ लूटपाट, जबरन वसूली और लोगों को धमकाने समेत कई गंभीर आरोप दर्ज हैं। चुनाव परिणाम घोषित होने के बाद से ही वह फरार चल रहा था और पुलिस लगातार उसकी तलाश कर रही थी।

जानकारी के मुताबिक चुनाव से पहले मतदाता सूची पुनरीक्षण प्रक्रिया के दौरान भी जहांगीर खान का नाम विवादों में आया था। उस पर बीएलओ को प्रभावित करने तथा मृत लोगों के नाम सूची में जोड़ने जैसे गंभीर आरोप लगाए गए थे। इस मामले को लेकर राजनीतिक स्तर पर भी काफी विवाद हुआ था।

चुनाव के दौरान क्षेत्र में डर और दबाव का माहौल बनाने के आरोप भी सामने आए थे। हालात को देखते हुए चुनाव आयोग ने विशेष निगरानी के लिए उत्तर प्रदेश के मुठभेड़ विशेषज्ञ अजय पाल शर्मा को विशेष पर्यवेक्षक के रूप में नियुक्त किया था।

बताया जाता है कि कार्रवाई के दौरान अजय पाल शर्मा स्वयं जहांगीर के घर पहुंचे थे। उस समय जहांगीर ने खुद को फिल्मी अंदाज में ‘पुष्पा’ बताते हुए चुनौतीपूर्ण बयान दिया था, जिसके बाद मामला और सुर्खियों में आ गया था।

फालता चुनाव को लेकर भी कई तरह के विवाद सामने आए थे। ईवीएम से छेड़छाड़ के आरोपों के बीच चुनाव आयोग को पुनर्मतदान कराने का निर्णय लेना पड़ा था। चुनाव से ठीक पहले जहांगीर ने अपना नाम वापस ले लिया था और इसके बाद वह पूरी तरह से फरार हो गया था।

फिलहाल पुलिस उससे पूछताछ कर रही है और उसके खिलाफ दर्ज मामलों की जांच आगे बढ़ाई जा रही है।

Shubham Jaiswal

“मैं शुभम जायसवाल, बीते आठ वर्षों से सक्रिय पत्रकारिता के क्षेत्र से जुड़ा हूँ। इस दौरान मैंने विभिन्न प्रतिष्ठित अखबारों और समाचार चैनलों में प्रतिनिधि के रूप में कार्य करते हुए न केवल खबरों को पाठकों और दर्शकों तक पहुँचाने का कार्य किया, बल्कि समाज की समस्याओं, आम जनता की आवाज़ और प्रशासनिक व्यवस्थाओं की वास्तविक तस्वीर को उजागर करने का प्रयास भी निरंतर करता रहा हूँ। पिछले पाँच वर्षों से मैं साप्ताहिक अखबार ‘झारखंड वार्ता’ से जुड़ा हूँ और क्षेत्रीय से जिले की हर छोटी-बड़ी घटनाओं की सटीक व निष्पक्ष रिपोर्टिंग के माध्यम से पत्रकारिता को नई ऊँचाइयों तक ले जाने का प्रयास कर रहा हूँ। पत्रकारिता मेरे लिए केवल पेशा नहीं बल्कि समाज और जनता के प्रति एक जिम्मेदारी है, जहाँ मेरी कलम हमेशा सच और न्याय के पक्ष में चलती है।

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