अध्यक्ष पद की प्रत्याशी रिंकू सिंह ने जिला निर्वाचन पदाधिकारी समेत राज्य व भारत निर्वाचन आयोग से की लिखित शिकायत और मांग
राज्य निर्वाचन आयुक्त को भी लिखा पत्र कहा- झारखंड अल्पसंख्यक आयोग के अध्यक्ष हिदायत खान के खिलाफ कार्रवाई का आदेश दें
जमशेदपुर : जुगसलाई नगर परिषद चुनाव में अध्यक्ष पद की प्रत्याशी रिंकू सिंह ने जिला दंडाधिकारी सह जिला निर्वाचन पदाधिकारी को एक पत्र के माध्यम से सोमवार को संपन्न मतदान में बूथ कैप्चरिंग, मारपीट और वोगस वोटिंग की शिकायत की है। रिंकू सिंह ने यह शिकायत विपक्षी उम्मीदवार नौशीन खान के खिलाफ की है, जिनके पति हिदायत खान के इशारे पर बूथ कैप्चरिंग, वोगस वोटिंग और मारपीट की गई है। इस चुनाव में बड़े पैमाने पर अनियमितता बरती गई है। रिंकू सिंह सोमवार को मतदान संपन्न होने के बाद जुगसलाई के चौक बाजार स्थित अपने चुनावी कार्यालय में आयोजित प्रेसवार्ता में यह जानकारी दी।
उन्होंने बताया कि राज्य अल्पसंख्यक आयोग के अध्यक्ष हिदायत खान ने मतदान के दौरान पूरे दिन मंत्री का दर्जा प्राप्त होने का फायदा उठाने की कोई कसर नहीं छोड़ी। वे मतदान को प्रभावित करने के उद्देश्य से अपने बॉडीगार्ड और कड़ों लड़कों के साथ सभी बूथों पर पहुंचे। इस दौरान उनके द्वारा और बूथ के अंदर जा कर लोगों को डराने-धमकाने का कार्य किया गया। रिंकू सिंह ने राज्य निर्वाचन आयुक्त, झारखंड से उक्त शिकायत करते हुए जानना चाहा है कि मतदान के समय मंत्री का दर्जा प्राप्त कोई व्यक्ति क्या सभी मतदान केंद्र पर अपने सुरक्षा कर्मी के साथ जा सकता है? क्या सैकड़ों लड़कों के साथ वाहन में सवार होकर मतदान केंद्र परिसर में प्रवेश कर सकते है? उन्होंने राज्य निर्वाचन आयुक्त से ऐसे आचरण पर रोक लगाने और उचित कार्रवाई का निर्देश देने की मांग की है।
रिंकू सिंह ने बताया कि मतदान के दौरान वार्ड संख्या 01, 02, 05, 06, 07, 09, 10, 11 एवं 13 के विभिन्न मतदान केंद्रों पर विपक्षी प्रत्याशी नौशीन खान के समर्थकों द्वारा संगठित रूप से मतदान प्रक्रिया को प्रभावित किया गया।
इनमें निम्न बूथ हैं :-
वार्ड 01 – बूथ 01 एवं 02
वार्ड 02 – बूथ 01 एवं 02
वार्ड 05 – बूथ 02
वार्ड 06 – बूथ 01
वार्ड 07 – बूथ 01 एवं 02
वार्ड 09 – बूथ 01 एवं 02
वार्ड 10 – बूथ 01 एवं 02
वार्ड 11 – बूथ 01 एवं 02
वार्ड 13 – बूथ 01 एवं 02
इन बूथों पर :-
1. सुबह 8:00 बजे बूथ कैप्चरिंग की स्थिति उत्पन्न की गई,
2. अधिकृत एजेंटों को मारपीट एवं धमकी देकर बाहर कर दिया गया,
3. बड़े पैमाने पर वोगस (Bogus) मतदान कराया गया
4. सेंट जॉन स्कूल में तो मेरे दो पोलिंग एजेंटों को मारापीटा गया और कमरे में बंद करके रखा गया था
5. दोपहर करीब 3:00 बजे जिले के उच्च अधिकारी इन वार्ड व बूथों पर पहुंचे, तब मेरे पोलिंग एजेंटों को बूथ में बैठाया गया
6. अधिकारियों के जाने के आधा घंटा बाद वार्ड नंबर 1, 2, 4, 5, 6, 7, 9, 10, 11 व 13 के बूथों से मेरे पोलिंग एजेंटों को फिर भगा दिया गया
7. मतदान केंद्र के 200 मीटर की परिधि में अवैध भीड़ एकत्र कर मतदाताओं पर दबाव बनाया गया ।
यह कृत्य जन प्रतिनिधित्व अधिनियम, 1951 की धारा 58 एवं 58A (Booth Capturing एवं Adjournment/Countermanding of Poll) तथा निर्वाचन आचरण नियमों का स्पष्ट उल्लंघन है। संविधान के अनुच्छेद 324 की भावना के अनुरूप राज्य निर्वाचन आयोग का दायित्व है कि स्थानीय निकाय चुनाव स्वतंत्र, निष्पक्ष एवं भयमुक्त वातावरण में संपन्न कराए जाएँ। वर्तमान परिस्थितियों में उक्त बूथों पर मतदान की निष्पक्षता संदेहास्पद है।
उन्होंने जिला निर्वाचन पदाधिकारी से निवेदन किया है कि :-
1. उपरोक्त बूथों पर तत्काल मजिस्ट्रेट स्तरीय जांच कराई जाए।
2. संबंधित बूथों की वीडियोग्राफी/सीसीटीवी/वेबकास्टिंग की जांच कराई जाए।
3. अतिरिक्त सशस्त्र पुलिस बल/केंद्रीय बल की तैनाती सुनिश्चित की जाए।
4. जहां बूथ कैप्चरिंग या व्यापक वोगस मतदान प्रमाणित हो, वहां धारा 58A के अंतर्गत मतदान निरस्त कर पुनर्मतदान (Re-Poll) कराया जाए।
5. दोषियों के विरुद्ध आईपीसी एवं जन प्रतिनिधित्व अधिनियम की सुसंगत धाराओं में प्राथमिकी दर्ज कर कठोर कार्रवाई की जाए।
रिंकू सिंह ने कहा कि लोकतंत्र की गरिमा एवं मतदाताओं के मौलिक अधिकारों की रक्षा के लिए इस पर त्वरित कार्रवाई अत्यावश्यक है। उन्होंने विश्वास जताया कि राज्य एवं भारत निर्वाचन आयोग एवं जिला प्रशासन इस गंभीर विषय पर तत्काल संज्ञान लेकर उचित कदम उठाएंगे।
रिंकू सिंह ने पत्र की प्रतिलिपि राज्य निर्वाचन आयुक्त, झारखंड राज्य निर्वाचन आयोग, रांची, झारखंड तथा मुख्य निर्वाचचन आयुक्त, भारत निर्वाचन आयुक्त, नई दिल्ली को भी ई-मेल के माध्यम से प्रेषित की है।
प्रेसवार्ता में भाजपा जिलाध्यक्ष संजीव सिन्हा ने कहा कि इस तरह की गड़बड़ी की आशंका जताते हुए पहले ही जिला प्रशासन से पारा मिलिट्री फोर्स अथवा सीआरपीएफ की निगरानी में मतदान कराने का आग्रह किया गया था। बावजूद जिला प्रशासन ने मतदान में होगार्डों की प्रतिनियुक्ति की। उन्होंने भी गड़बड़ी वाले बूथों पर हुए मतदान रद्द कर पुनर्मतदान कराने की मांग की। इस दौरान पार्टी के वरिष्ठ नेता मनोज सिंह, मंडल अध्यक्ष हनु जैन समेत अन्य उपस्थित थे।









