टीएमएच पर इलाज में लापरवाही का आरोप
जमशेदपुर:सीतारामडेरा थाना क्षेत्र छायानगर में फायरिंग व चापड़बाजी कांड में घायल सन्नी की टीएमएच में इलाज के दौरान मौत की खबर से परिजन और बस्ती वासी भड़क गए। मृतक सन्नी की डेड बॉडी लेकर सीधे डीसी ऑफिस पहुंचे। जहां उसके समक्ष शव रख कर जोरदार हंगामा करने लगे। प्रशासन के खिलाफ जमकर नारेबाजी की गई।
हंगामा इतना तेज हुआ कि वहां मौजूद पुलिस कर्मी उनसे संभालने में असफल हो गए और आक्रोशित लोग शव के साथ डीसी ऑफिस के रास्ता जाम कर दिया जिसके बाद इसी तरह पुलिस वालों ने स्थिति को नियंत्रित किया उसके बावजूद हंगामा जारी करने की खबर है। बताया जा रहा है की घटना के समय अपने कार्यालय में उपायुक्त नहीं मौजूद थे।
प्रदर्शनकारियों और परिजनों ने टीएमएच प्रबंधन पर इलाज में लापरवाही और संवेदनहीनता का आरोप लगाते हुए कहा कि अपनी शक्ति के अनुसार 50,000 रुपये जमा किए थे। अस्पताल प्रबंधन साढ़े चार लाख रुपये और जमा करने का दबाव बना रहा था. परिजनों का आरोप है कि बकाया पैसे न दे पाने के कारण प्रबंधन ने इलाज की गति धीमी कर दी या रोक दी, जिससे सन्नी की जान चली गई.
बस्तीवासियों ने साफ कर दिया है कि वे तब तक नहीं हटेंगे जब तक उनकी मांगें पूरी नहीं होतीं. परिजनों ने मृतक के परिवार के लिए 50 लाख रुपये मुआवजे की मांग की है. उनका कहना है कि अगर समय रहते पैरवी और गुहार पर ध्यान दिया गया होता, तो आज सन्नी जीवित होता.










