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धनबाद: कुख्यात गैंगस्टर प्रिंस खान के भाई बंटी खान की गिरफ्तारी के बाद पुलिस ने उसे शहर की सड़कों पर पैदल परेड कराई। पुलिस उसे उसके बयान के आधार पर निशानदेही के लिए उसके ठिकाने के पास लेकर पहुंची थी। इसी दौरान गैंगस्टर फहीम खान के बेटे, दामाद और कुछ परिजन बंटी खान के सामने आ गए। दोनों पक्षों के बीच विवाद बढ़ने के बाद बंटी के साथ मारपीट की गई। स्थिति बिगड़ती देख पुलिस टीम ने तत्काल हस्तक्षेप किया और बंटी खान को अपनी सुरक्षा में लेकर वहां से हटा दिया।
दरअसल 24 नवंबर 2021 को जेल में बंद गैंगस्टर फहीम खान के करीबी जमीन कारोबारी महताब आलम उर्फ नन्हे (42) की वासेपुर के अलीनगर में गोली मारकर हत्या कर दी गई थी। महताब आलम फहीम खान के बड़े दामाद सानू खान का दोस्त था। वह उसका सारा काम देखता था। नन्हें हत्याकांड के बाद बंटी खान पुलिस की जांच के दायरे में आया था। मार्च 2022 में उसे दो सहयोगियों के साथ उत्तर प्रदेश के एक रेलवे स्टेशन से गिरफ्तार किया गया था। इस हत्याकांड की जिम्मेदारी बाद में प्रिंस खान ने ली थी।
बंटी खान को धनबाद पुलिस ने हाल ही में कोलकाता से गिरफ्तार किया है। पुलिस के मुताबिक बंटी खान कथित तौर पर फर्जी पासपोर्ट तैयार कर देश से बाहर निकलने की तैयारी में था। पुलिस को संदेह है कि उसका मकसद विदेश में रह रहे अपने भाई प्रिंस खान तक पहुंचना था।
प्रिंस खान लंबे समय से धनबाद पुलिस के रडार पर है। उस पर कारोबारियों को धमकी देने, लेवी मांगने और कई आपराधिक घटनाओं में संलिप्तता के आरोप हैं। बंटी के विदेश भागने की तैयारी की जानकारी मिलने के बाद धनबाद SSP के निर्देश पर विशेष टीम गठित की गई थी। इसी टीम ने पश्चिम बंगाल पुलिस के सहयोग से कोलकाता में कार्रवाई कर उसे गिरफ्तार किया।
चार साल जेल में रहने के बाद जनवरी में मिली थी जमानत
पुलिस रिकॉर्ड के मुताबिक, बंटी खान का नाम धनबाद के चर्चित नन्हें हत्याकांड समेत एक दर्जन से ज्यादा आपराधिक मामलों में सामने आ चुका है। नन्हें हत्याकांड के बाद बंटी खान पुलिस की जांच के दायरे में आया था। मार्च 2022 में उसे दो सहयोगियों के साथ उत्तर प्रदेश के एक रेलवे स्टेशन से गिरफ्तार किया गया था। इसके बाद वह लंबे समय तक जेल में रहा। बंटी खान करीब चार साल तक जेल में रहने के बाद इसी साल जनवरी में अलग-अलग मामलों में जमानत पर बाहर आया था। जेल से रिहाई के बाद उसकी गतिविधियों पर पुलिस की नजर बनी हुई थी। इससे पहले उसे धनबाद जेल से मधुपुर जेल स्थानांतरित किया गया था।
फिलहाल बंटी खान को न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया है। पुलिस अब उसे रिमांड पर लेकर पूछताछ करने की तैयारी में है। जांच एजेंसियों का फोकस प्रिंस खान के आपराधिक नेटवर्क, कथित फर्जी पासपोर्ट, विदेश भागने की योजना और लेवी वसूली से जुड़े संभावित कनेक्शनों का पता लगाने पर है।
बंटी से पूछताछ के दौरान पुलिस यह भी जानने की कोशिश करेगी कि विदेश में मौजूद प्रिंस खान के साथ उसके संपर्क किस स्तर पर थे और धनबाद में सक्रिय नेटवर्क से उसका क्या संबंध रहा है।







