रांची: उपायुक्त सह जिला दंडाधिकारी मंजूनाथ भजंत्री ने सोमवार को समाहरणालय स्थित अपने कार्यालय कक्ष में जनता दरबार आयोजित कर आम नागरिकों से सीधे मुलाकात की। इस दौरान उन्होंने लोगों की शिकायतें एवं समस्याएं गंभीरतापूर्वक सुनीं तथा संबंधित विभागों के पदाधिकारियों को त्वरित एवं प्रभावी कार्रवाई के लिए आवश्यक निर्देश दिए।
जनता दरबार में मुख्य रूप से भूमि संबंधी विवाद, भूमि उपयोग की अनुमति (परमिशन) एवं अन्य विविध विषयों से जुड़ी शिकायतें प्राप्त हुईं। उपायुक्त ने सभी फरियादों को ध्यानपूर्वक सुनते हुए संबंधित पदाधिकारियों को मौके पर ही निर्देशित किया कि शिकायतों का निष्पादन समयबद्ध, पारदर्शी एवं निष्पक्ष तरीके से सुनिश्चित किया जाए। उन्होंने स्पष्ट रूप से कहा कि जनता की समस्याओं का समाधान प्रशासन की सर्वोच्च प्राथमिकता है और इस कार्य में किसी भी प्रकार की लापरवाही या शिथिलता बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
उपायुक्त ने कहा कि जिला प्रशासन का मूल उद्देश्य आमजन तक सरकारी योजनाओं एवं सेवाओं को सहज और सुचारू रूप से पहुंचाना है। जनता दरबार जैसे कार्यक्रम प्रशासन और नागरिकों के बीच सीधा संवाद स्थापित करने का सशक्त माध्यम हैं, जिससे समस्याओं का त्वरित समाधान संभव हो पाता है और जनता का विश्वास प्रशासन पर और अधिक मजबूत होता है।
इसी क्रम में राष्ट्रीय जतरा महोत्सव के आयोजकों के प्रतिनिधि मंडल ने उपायुक्त से मुलाकात कर ज्ञापन सौंपा। प्रतिनिधियों ने बताया कि विगत कई वर्षों से रांची के ऐतिहासिक मोरहाबादी मैदान में राष्ट्रीय जतरा महोत्सव का सफल आयोजन किया जाता रहा है। इस महोत्सव के माध्यम से आदिवासी समाज की प्राचीन परंपराओं, रीति-रिवाजों, लोककला एवं सांस्कृतिक विरासत का संरक्षण एवं संवर्धन किया जाता है।

प्रतिनिधियों ने बताया कि इस महोत्सव में झारखंड सहित देश के विभिन्न राज्यों से आदिवासी कलाकार एवं खोड़ा दल भाग लेते हैं और अपनी पारंपरिक कला, संस्कृति एवं सामाजिक एकता का जीवंत प्रदर्शन करते हैं। यह आयोजन न केवल सांस्कृतिक समरसता को बढ़ावा देता है, बल्कि आने वाली पीढ़ियों को अपनी सांस्कृतिक जड़ों से जोड़ने का भी महत्वपूर्ण माध्यम है।
आयोजकों ने इस वर्ष राष्ट्रीय जतरा महोत्सव के आयोजन के लिए 31 जनवरी से मोरहाबादी मैदान आवंटित करने का विनम्र अनुरोध किया, ताकि यह सांस्कृतिक कार्यक्रम पूर्व की भांति शांतिपूर्ण, गरिमामय एवं सफलतापूर्वक संपन्न हो सके। उपायुक्त मंजूनाथ भजंत्री ने प्रतिनिधि मंडल की बातों को गंभीरता से सुना और उनके अनुरोध पर नियमानुसार विचार करने का आश्वासन दिया।
जिला प्रशासन ने भरोसा दिलाया कि जनहित एवं सांस्कृतिक महत्व से जुड़े सभी विषयों पर संवेदनशीलता के साथ निर्णय लिया जाएगा।












