
बाबा बैद्यनाथ सेवा संघ की पहल 1000 कांवरिया 9 अगस्त को रवाना होंगे सुल्तानगंज
जमशेदपुर के बगीचे से 1000 फूलों को एक धागे में पिरोकर बाबा बैधनाथ को करेंगे अर्पण: विकास सिंह
जमशेदपुर:बाबा बैद्यनाथ सेवा संघ द्वारा आयोजित भव्य कांवर यात्रा की तैयारी को अंतिम रूप देने के लिए शुक्रवार को डिमना स्थित महेंद्र मैरिज हॉल में एक बैठक आयोजित की गई।

बैठक की अध्यक्षता कर रहे संस्थापक सदस्य विकास सिंह जानकारी देते हुए कहा कि 1000 कांवरिया गाजे-बाजे और बोल बम के जयकारों के साथ रविवार के दिन मानगो से सुल्तानगंज के लिए रवाना होंगे । शिव परिवार की जीवंत झांकी भी यात्रा प्रस्थान करते समय यात्रा में शामिल रहेंगे । विकास सिंह ने बताया की शहर के विभिन्न हिस्सों से श्रद्धालु अलग-अलग स्थानो पर एकत्र होंगे । सोनारी के कांवरिया बाबा भूतनाथ मंदिर में, कदमा और बिष्टुपुर के कांवरिया रंकणी मंदिर के पास, साकची और मानगो के लोग हीरा होटल के समय एकत्र होंगे। सभी कांवरिया का समागम मानगो के हीरा होटल के सामने दुर्गा पूजा मैदान में होगा जहां संघ के द्वारा सांस्कृतिक कार्यक्रम का भी आयोजन किया गया है । मानगो में सामूहिक रूप से एकत्रित होने के बाद सभी 1000 कांवरिया ढोल नगाड़े एवं बोल बम के नारों के साथ पैदल मार्च कर अपने अपने बस पर बैठकर प्रस्थान करेंगे। कार्यक्रम के दौरान आतिशबाजी की भी व्यवस्था की गई है । विकास सिंह ने बताया कि जत्थे में शामिल हर शिवभक्त एक फूल है जिसे वह एक धागे में पिरोकर बाबा को अर्पण करने का कार्य करेंगे । कांवर यात्रा में वैसे शिव भक्त शामिल है जो सावन के पावन महीने में बाबा बैधनाथ को जलार्पण करने की इच्छा रखते हैं लेकिन किसी ना किसी कारणवश वें जा नहीं सकते उनकी इच्छा पूरी नहीं हो सकती वैसे लोगों की इच्छा पूरी करवाने का कार्य बाबा बैधनाथ सेवा संघ कई वर्षों से कर रहा है उन्होंने कहा 1000 शिव भक्तों को एक माला में पिरोकर बाबा के चरणों में अर्पित करने का यह कार्यक्रम है उन्होंने बताया कि 9 अगस्त को जलाभिषेक करने के लिए यात्रा सुल्तानगंज रवाना होगा। 10 अगस्त को सभी कांवरिया सुल्तानगंज पहुंचकर उत्तर वाहिनी गंगा से गंगाजल भरेंगे इसके बाद बाबा नगरी देवघर की ओर पैदल यात्रा आरंभ होगी। पहले दिन लोग असरगंज के धांधीबिलारी धर्मशाला में रात्रि के समय विश्राम करेंगे प्रत्येक पड़ाव में सांस्कृतिक कार्यक्रम का आयोजन भी होगा । यात्रा में भोजन, पानी , सांस्कृतिक कार्यक्रम और प्राथमिक चिकित्सा की पूर्ण व्यवस्था की गई है । सेवा कार्यों में सैकड़ो सेवक और सेविकाएं सक्रिय रहेगी। रात्रि के समय रेडियमयुक्त कपड़े पहनकर साइकिल से सेवा करने वाले लोग कांवरिया पद पर गश्ती कर यात्रा में शामिल लोगों को अपने पड़ाव की ओर ले जाएंगे । बैठक में भारी संख्या में महिलाएं शामिल हुई ।




