झारखंड वार्ता
गिरिडीह। राजधनवार स्थित यूको बैंक में हुई करोड़ों रुपये की डकैती में झारखंड और बिहार के अपराधियों के शामिल होने की बात सामने आ रही है। शुरुआती जांच के अनुसार, इस वारदात को सात अपराधियों ने अंजाम दिया था। अपराधियों ने घटना में एक पल्सर, एक अपाची समेत कुल तीन बाइक का इस्तेमाल किया था। इन पर सवार होकर सभी अपराधी बैंक पहुंचे थे और वारदात के बाद फरार हो गए थे।
अब तक मिली जानकारी के अनुसार, गिरोह में दो अपराधी गिरिडीह के बेंगाबाद, दो देवघर जिले और तीन बिहार के वैशाली तथा आसपास के इलाकों के रहने वाले बताए जा रहे हैं। गिरिडीह एसपी डॉ. बिमल कुमार के नेतृत्व में पुलिस टीम ने एक आरोपित को गिरफ्तार किया है। वह देवघर का रहने वाला बताया जा रहा है। उससे पूछताछ में मिली जानकारी के आधार पर पुलिस की अलग-अलग टीमें छापेमारी कर रही हैं।

बंशीडीह के पास पकड़ा गया आरोपित
घटना के बाद भागने के दौरान पुलिस टीम ने जमुआ थाना क्षेत्र के बंशीडीह के समीप एक आरोपित को पकड़ लिया था। मौके से घटना में इस्तेमाल की गई दो बाइक भी जब्त की गईं। बताया जा रहा है कि उसका एक साथी वहां से फरार होने में सफल रहा। इसके बाद पुलिस ने बंशीडीह और आसपास के जंगलों तथा सुनसान इलाकों की घेराबंदी कर तलाशी अभियान चलाया।

खोरीमहुआ एसडीपीओ अमरेंद्र कुमार के नेतृत्व में गिरफ्तार आरोपित से गहन पूछताछ की गई। पुलिस सूत्रों के अनुसार, पूछताछ में गिरोह के अन्य सदस्यों के संबंध में अहम जानकारी मिली है। इसके आधार पर पुलिस ने करीब आठ से दस घंटे तक जंगल और आसपास के गांवों में तलाशी अभियान चलाया। हालांकि, फरार अपराधियों का सुराग नहीं मिल सका।
देवघर में भी पुलिस की छापेमारी
डकैती में देवघर के अपराधियों का कनेक्शन सामने आने के बाद एसपी ने एक अलग टीम गठित कर देवघर भेजी। पुलिस टीम ने रातभर संभावित ठिकानों पर छापेमारी और तलाशी अभियान चलाया। वहीं, बेंगाबाद और बिहार से जुड़े संदिग्धों की तलाश में भी पुलिस की टीमें सक्रिय हैं।
मधुपुर डकैती में भी सामने आया था रॉकी का नाम
जांच में बेंगाबाद के दो संदिग्ध अपराधियों के नाम रॉकी और चीकू सामने आने की बात कही जा रही है। बताया जा रहा है कि रॉकी का नाम अक्टूबर 2025 में देवघर के मधुपुर थाना क्षेत्र के मिसरना में हुई डकैती के मामले में भी सामने आया था। उस समय देवघर पुलिस ने अन्य आरोपितों के साथ रॉकी को भी संदिग्ध के रूप में चिह्नित किया था। हालांकि, यूको बैंक डकैती में उसकी भूमिका की आधिकारिक पुष्टि पुलिस की ओर से की जानी बाकी है।

डीआईजी ने भी किया घटनास्थल का निरीक्षण
गौरतलब है कि गुरुवार दोपहर राजधनवार स्थित यूको बैंक की शाखा में पांच अपराधी घुसे थे। हेलमेट और नकाब पहने अपराधियों ने शाखा प्रबंधक, बैंक कर्मियों और ग्राहकों को बंधक बना लिया था। इसके बाद करीब 10 लाख रुपये नकद और तीन से चार करोड़ रुपये के जेवरात लूटकर फरार हो गए थे।
घटना की जानकारी मिलने के बाद देर शाम हजारीबाग के डीआईजी अंजनी कुमार झा और गिरिडीह एसपी डॉ. बिमल कुमार घटनास्थल पहुंचे। डीआईजी ने मामले की जांच की और पुलिस अधिकारियों से जानकारी ली। इसके बाद एसपी ने अपराधियों की गिरफ्तारी के लिए अलग-अलग टीमें गठित कीं। इन टीमों में खोरीमहुआ अनुमंडल के पुलिस पदाधिकारियों के साथ कई एसडीपीओ, डीएसपी, इंस्पेक्टर और विभिन्न थानों के अधिकारी शामिल हैं। एसपी की ओर से गठित स्पेशल सेल भी जांच में जुटी है।
पुलिस का कहना है कि मामले में एक आरोपित को गिरफ्तार किया गया है। शेष अपराधियों की गिरफ्तारी के लिए लगातार छापेमारी की जा रही है। एसपी ने जल्द ही सभी आरोपितों को पकड़ने की बात कही है।




