गढ़वा: जिला मुख्यालय के समीप के गांव जोबरईया के बंडा पहाड़ स्थित नीलकंठ महादेव मंदिर परिसर में जागृति युवा क्लब, जोबरईया,गढ़वा के द्वारा 8 मार्च 2026 को जल यात्रा के साथ प्रारंभ नौ दिवसीय विराट श्री रुद्र महायज्ञ की पूर्णाहुति 16 मार्च 2026 को हो गई।

महायज्ञ के मुख्य अतिथि झारखंड सरकार के पूर्व मंत्री माननीय श्री मिथिलेश कुमार ठाकुर एवं प्रधान संयोजक-सह-युवा समाजसेवी राकेश पाल ने आयोजन समिति के सभी सदस्यों को नौ दिवसीय विराट श्री रुद्र महायज्ञ के सफल आयोजन के लिए बधाई दी।
महायज्ञ के दौरान पूर्व निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार प्रतिदिन भगवान शंकर के रुद्राभिषेक के साथ हवन- पूजन का दैनिक कार्य प्रारंभ हो जाता था। संध्या काल में प्रतिदिन श्री अयोध्या धाम से पधारे हुए कथाव्यास आचार्य पंडित पंकज शांडिल्य जी महाराज के द्वारा श्रीराम कथा अमृतवर्षा का आयोजन किया जाता था। साथ ही प्रसंगानुसार वृंदावन से आए हुए कलाकारों के द्वारा मनोरम झाकियों की प्रस्तुति भी की जाती थी।
उक्त कार्य हेतु यज्ञशाला के ठीक बगल में भव्य कथामंडपम का निर्माण कराया गया। महायज्ञ प्रारंभ होने से पहले संपूर्ण परिसर की बेहतर साफ-सफाई और रंग- रोगन का कार्य किया गया। उक्त क्रम में मंदिर की सीढ़ियों एवं शेड में मार्बल लगाने का कार्य पिंडरा और सुखवाना गांव निवासी सिद्धनाथ हलवाई( बनारसी साहू) के पुत्रगण जयप्रकाश हलवाई और विजय हलवाई के द्वारा किया गया जबकि बाबा नीलकंठ महादेव को पंचमुखी नाग एवं पिंड को पीतल का आवरण मां गढदेवी मंदिर निर्माण समिति के अध्यक्ष विनोद जायसवाल जी ने प्रदान किया।
महायज्ञ के यज्ञाधीश आचार्य श्री श्री आशीष वैद्य जी महाराज जी ने बताया कि यज्ञशाला में निर्मित नौ हवन कुंड पर बैठे नौ यजमानों के द्वारा यज्ञ में दी गई आहुतियां एवं काशी से आए हुए विद्वान आचार्यगण के कर्णप्रिय स्वर में वैदिक मंत्रोच्चार से संपूर्ण धरा धाम पवित्र हो गया। भक्तों ने वशोधरा का दर्शन किया एवं अपने लिए सुख-शांति, समृद्धि, विद्या, बल, बुद्धि की कामना यज्ञ भगवान से की।
महायज्ञ के दौरान प्रतिदिन 11:00 बजे दिन से 11:00 बजे रात तक भंडारा का आयोजन होता था। मंदिर परिसर क्षेत्र में भक्तों के लिए लगाए गए मेले में मनोरंजन के उद्देश्य से बड़ा झूला नाव, बच्चों की रेलगाड़ी, होटल, श्रृंगार दुकान, फल- फूल, पूजा सामग्री की दुकानें लगाई गई थी। भीड़ को नियंत्रित करने के उद्देश्य से अलग-अलग क्षेत्र में वाहन पार्किंग एवं बेरिकेडिंग की व्यवस्था भी की गई थी।
प्रधान संयोजक श्री राकेश कुमार पाल ने कहा कि आयोजन समिति के सभी सदस्यों के समर्पण और अनुशासन से महायज्ञ का बेहतर आयोजन संभव हो पाया।जागृति युवा क्लब के अध्यक्ष श्री जितेंद्र कुमार पाल जी ने अपने सभी सदस्यों को बेहतर आयोजन के लिए बधाई दी। साथ ही संपूर्ण परिसर में टैंकर से पानी की निःशुल्क आपूर्ति हेतु उंचरी ग्राम निवासी सुनील कुमार मेहता और लोकनाथ मेहता को इस पुनीत कार्य के लिए हार्दिक धन्यवाद दिया।
महायज्ञ के अंतिम दिन पूर्णाहुति के पश्चात देश-देश से आए हुए विद्वानों और आचार्यगण को महायज्ञ आयोजन समिति की ओर से भावपूर्ण विदाई दी गई। यज्ञाधीश श्री श्री आचार्य आशीष वैद्य जी महाराज जी को विदा करते समय सभी भक्त भाव- विभोर हो गए। सभी आचार्यगण एवं यज्ञाधीश महाराज को महायज्ञ आयोजन समिति की ओर से अंगवस्त्र देकर सम्मानपूर्वक विदा किया गया। संपूर्ण आयोजन के दौरान जिला प्रशासन की ओर से नियुक्त किये गये दंडाधिकारी विनोद कुमार गुप्ता काफी सक्रिय रहे। साथ ही गढ़वा थाना प्रभारी सुनील तिवारी सब इंस्पेक्टर अभिमन्यु सिंह ने स्वयं उपस्थित होकर सुरक्षा- व्यवस्था का जायजा लिया।
यज्ञ के अंतिम दिन संध्या काल में मंटू निराला के द्वारा भक्ति जागरण एवं वाराणसी से आए हुए कलाकार साथियों का शिव तांडव नृत्य ने हजारों भक्तों को झुमने के लिए मजबूर कर दिया। भक्ति जागरण में विश्व हिंदू परिषद से सोनू सिंह, पाल महासभा गढ़वा के जिला अध्यक्ष सुधीर कुमार पाल, गढ़वा प्रखंड प्रमुख अनीता देवी आदि मुख्य रूप से उपस्थित रहे।
महायज्ञ के सफल संचालन में जागृति युवा क्लब के सचिव विनय कुमार पाल, उपाध्यक्ष डॉ सत्येंद्र पाल, उपसचिव आनंद चंद्रवंशी, कोषाध्यक्ष विवेकानंद पाल,उपकोषाध्यक्ष चैतू भुइयां,संगठन मंत्री चंदन कुमार पाल, पंकज, हरि, रोहित चंद्रवंशी, श्रवण पाल, जितेंद्र पाल गुड्डू, बृजेश,उपेंद्र पाल, धनंजय चंद्रवंशी, दीपक प्रसाद, अनिल पाल, उदय पाल, दसई पाल, सुदय पाल, नगवां गांव निवासी युवराज साहू, अभिमन्यु साहू, नीरज, अमृत कुमार, सुविंदर राम, विजय कुशवाहा, समेत जागृति युवा क्लब के सभी सीनियर जूनियर सदस्यगणों ने काफी उत्साह पूर्वक भाग लिया। महायज्ञ के दौरान समस्त कार्यक्रम का नियंत्रण एवं समन्वय का कार्य महायज्ञ कार्यक्रम प्रमुख ओम प्रकाश पाल ने किया।














