
गढ़वा: जिले में भारी बारिश की चेतावनी को देखते हुए जिला प्रशासन अलर्ट मोड में आ गया है। संभावित बाढ़, जलजमाव एवं अन्य आपदा की स्थिति से निपटने के लिए मंगलवार को समाहरणालय स्थित कार्यालय वेश्म से उपायुक्त पशुपति नाथ मिश्रा की अध्यक्षता में ऑनलाइन बैठक हुई। बैठक में अधिकारियों को आपदा से निपटने के लिए सभी आवश्यक तैयारियां पहले से पूरी रखने का निर्देश दिया गया।
उपायुक्त ने सभी अधिकारियों को गृह, कारा एवं आपदा प्रबंधन विभाग की ओर से जारी दिशा-निर्देशों का शत-प्रतिशत अनुपालन सुनिश्चित करने को कहा। उन्होंने सभी अंचल अधिकारियों को अपने-अपने क्षेत्र में कंट्रोल रूम सक्रिय रखने तथा किसी भी आपात सूचना पर तत्काल कार्रवाई करने का निर्देश दिया।
पंचायत भवन और स्कूलों को राहत केंद्र के रूप में तैयार रखने का निर्देश
डीसी ने कहा कि संभावित आपदा की स्थिति में पंचायत भवनों एवं विद्यालय भवनों का उपयोग राहत एवं बचाव केंद्र के रूप में किया जा सकता है। इसलिए इन भवनों को आवश्यक व्यवस्थाओं के साथ पहले से तैयार रखा जाए। साथ ही खाद्य सामग्री समेत अन्य जरूरी वस्तुओं की पर्याप्त उपलब्धता सुनिश्चित करने का निर्देश दिया गया।
उन्होंने जिलेवासियों से अपील करते हुए कहा कि भारी बारिश के दौरान नदी, नाला, जलाशय एवं जलजमाव वाले स्थानों के समीप जाने से बचें। विशेष रूप से बच्चों को ऐसे स्थानों से दूर रखने की जरूरत है, ताकि किसी तरह की अप्रिय घटना न हो।
माइकिंग से लोगों को किया जाएगा जागरूक
एसपी आशुतोष शेखर ने पुलिस अधिकारियों को माइकिंग के माध्यम से लोगों को लगातार जागरूक करने का निर्देश दिया। उन्होंने कहा कि बारिश के दौरान संभावित खतरे वाले क्षेत्रों में लोगों को समय रहते सावधान किया जाए और आपात स्थिति में त्वरित कार्रवाई सुनिश्चित की जाए।
2 व 3 सितंबर को बंद रहेंगे जिले के सभी विद्यालय
संभावित भारी बारिश एवं आपदा की स्थिति को देखते हुए जिले के सभी विद्यालय 2 एवं 3 सितंबर को बंद रखने का निर्णय लिया गया है। हालांकि इस दौरान गैर-शैक्षणिक कार्य जारी रहेंगे। शिक्षक एवं विद्यालय कर्मी विद्यालय में उपस्थित रहकर आवश्यक सुरक्षा व्यवस्था एवं अन्य गैर-शैक्षणिक कार्यों की निगरानी करेंगे।
स्वास्थ्य विभाग को भी अलर्ट रहने का निर्देश
बैठक में स्वास्थ्य विभाग को जिले के सभी अस्पतालों एवं स्वास्थ्य केंद्रों में आवश्यक चिकित्सा व्यवस्था अलर्ट मोड पर रखने का निर्देश दिया गया। किसी भी आपात स्थिति में तत्काल चिकित्सा सुविधा उपलब्ध कराने के लिए आवश्यक तैयारियां पूरी रखने को कहा गया।
बैठक में डीडीसी प्रेमलता मुर्मू, एसी विकास कुमार राय, एसडीओ कुमार मयंक भूषण, आपदा विभाग के प्रभारी पदाधिकारी राजेश कुमार, डीईओ जगन्नाथ लकड़ा, डीएसई अनुराग मिंज समेत अन्य पदाधिकारी उपस्थित थे।





