
बीरभूम: पश्चिम बंगाल की पूर्व मुख्यमंत्री ममता बनर्जी की भतीजी बृष्टि मुखर्जी ने कथित तौर पर फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली। मंगलवार, 1 सितंबर 2026 की सुबह उनका शव बीरभूम जिले के रामपुरहाट थाना क्षेत्र के कुसुम्बा गांव स्थित उनके घर की पहली मंजिल के एक कमरे में फंदे से लटका मिला। घटना की सूचना मिलते ही रामपुरहाट थाना पुलिस मौके पर पहुंची और शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया।
पुलिस के मुताबिक, बृष्टि मुखर्जी का शव सुबह करीब 9 बजे घर की ऊपरी मंजिल पर एक कमरे में मिला। पुलिस ने घटनास्थल की जांच की है, लेकिन अब तक वहां से कोई सुसाइड नोट बरामद नहीं हुआ है। पुलिस आत्महत्या के पीछे की वजहों का पता लगाने के लिए सभी संभावित पहलुओं की जांच कर रही है।
बृष्टि मुखर्जी का नाम पश्चिम बंगाल की प्राथमिक शिक्षक भर्ती प्रक्रिया में कथित अनियमितताओं के मामले में सामने आया था। आरोप था कि उन्होंने भर्ती प्रक्रिया में कथित गड़बड़ी के जरिए सरकारी शिक्षक की नौकरी हासिल की थी। मामले की जांच के दौरान उनकी नौकरी भी चली गई थी।
पुलिस जांच में यह पहलू भी सामने आया है कि बृष्टि मुखर्जी और उनके पति के बीच हाल के दिनों में तलाक की कानूनी कार्यवाही चल रही थी। ऐसे में पुलिस उनकी निजी जिंदगी से जुड़े इस पहलू को भी जांच का हिस्सा बना रही है।
हालांकि, पुलिस ने अभी यह स्पष्ट नहीं किया है कि आत्महत्या के पीछे वास्तव में क्या वजह रही। अधिकारियों का कहना है कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट और जांच के दौरान सामने आने वाले तथ्यों के आधार पर आगे की स्थिति स्पष्ट होगी।
बृष्टि मुखर्जी, ममता बनर्जी के चचेरे भाई निहार मुखर्जी की बेटी थीं। उनकी मौत की खबर सामने आने के बाद इलाके में शोक का माहौल है। घटना को लेकर पुलिस ने जांच शुरू कर दी है।
रामपुरहाट पुलिस के अनुसार, घटनास्थल से फिलहाल कोई सुसाइड नोट या ऐसा दस्तावेज नहीं मिला है, जिससे आत्महत्या के कारणों का तत्काल पता चल सके। पुलिस परिवार के सदस्यों और आसपास के लोगों से पूछताछ कर रही है तथा घटना से जुड़े अन्य पहलुओं की भी पड़ताल की जा रही है।
शव को पोस्टमार्टम के लिए रामपुरहाट सरकारी मेडिकल कॉलेज एवं अस्पताल भेजा गया है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद मौत की परिस्थितियों को लेकर जांच में और जानकारी सामने आने की उम्मीद है।





