रांची: उपायुक्त सह जिला दंडाधिकारी मंजूनाथ भजंत्री की अध्यक्षता में आज जिला समाहरणालय में जिला सलाहकार समिति (PC & PNDT) की महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई। बैठक का उद्देश्य जिले में PC & PNDT अधिनियम के प्रभावी क्रियान्वयन, अल्ट्रासाउंड सेंटरों के संचालन, निबंधन, नवीकरण एवं निगरानी से जुड़े मामलों पर विचार-विमर्श करना था।
बैठक के दौरान अल्ट्रासाउंड सेंटर के निबंधन, रिन्यूअल, संस्थानों द्वारा मशीन के Form-B में प्रविष्टि, चिकित्सकों की ज्वायनिंग एवं यूएसजी मशीन की खरीद से संबंधित आवेदनों पर विस्तार से चर्चा की गई। समिति द्वारा अल्ट्रासाउंड सेंटर के निबंधन एवं नवीकरण के लिए प्राप्त कुल आवेदनों पर विचार करते हुए 12 अल्ट्रासाउंड सेंटरों के नए निबंधन एवं 8 सेंटरों के नवीकरण (रिन्यूअल) को स्वीकृति प्रदान की गई।
इसके अतिरिक्त, बैठक में संस्थानों द्वारा प्रस्तुत मशीन के Form-B में प्रविष्टि एवं सर्टिफिकेट की जांच के बाद चिकित्सकों की ज्वायनिंग को भी अनुमोदन दिया गया। समिति ने स्पष्ट किया कि सभी प्रक्रियाएं PC & PNDT अधिनियम एवं निर्धारित दिशा-निर्देशों के अनुरूप ही की जाएंगी।
निरीक्षण और सख्ती के निर्देश
बैठक के दौरान उपायुक्त ने अल्ट्रासाउंड सेंटरों के नियमित निरीक्षण पर विशेष जोर दिया। उन्होंने संबंधित अधिकारियों को निर्देशित किया कि सभी अल्ट्रासाउंड सेंटरों का निश्चित समय अंतराल पर निरीक्षण सुनिश्चित किया जाए तथा नियमों का उल्लंघन पाए जाने पर दोषियों के विरुद्ध सख्त और नियमसंगत कार्रवाई की जाए, ताकि लिंग चयन जैसी अवैध गतिविधियों पर प्रभावी नियंत्रण रखा जा सके।
बैठक में समिति द्वारा निम्नलिखित मामलों में सहमति प्रदान की गई
• यूएसजी मशीन को स्थानांतरित करने के लिए 4 आवेदन
क्लीनिक/अस्पतालों में नए डॉक्टरों की ज्वायनिंग हेतुकुल 13 आवेदन
• यूएसजी मशीन खरीदने की अनुमति हेतु 11 आवेदन
Form-B में प्रविष्टि के लिए 13 आवेदन (डॉक्यूमेंट वेरिफिकेशन के बाद)
• मशीन को dismantling / refurbishing करने के लिए 1 लाइसेंस जमा किया गया
बैठक में ये रहे उपस्थित
बैठक में सिविल सर्जन डॉ. प्रभात कुमार, जिला जनसंपर्क पदाधिकारी रांची श्रीमती उर्वशी पाण्डेय, डॉ. वंदीता, डॉ. एस. बास्की, डीपीएम श्री प्रवीण कुमार सिंह, लीगल सेल से श्री भाष्कर त्रिवेदी, समिति के अन्य सदस्य एवं PC & PNDT को-ऑर्डिनेटर श्री राकेश कुमार राय सहित संबंधित पदाधिकारी एवं सदस्य उपस्थित थे।
बैठक के अंत में उपायुक्त ने सभी सदस्यों को PC & PNDT अधिनियम के प्रति संवेदनशीलता और सख्त अनुपालन सुनिश्चित करने का निर्देश देते हुए कहा कि जिले में भ्रूण लिंग जांच पर पूरी तरह से रोक लगाने के लिए प्रशासन प्रतिबद्ध है।














